रायपुर। छग अंशदायी पेंशन कर्मचारी कल्याण संघ के द्वारा कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन बहाली हेतु 10 अक्टूबर तक माननीय मुख्यमंत्री एवं राज्यपाल के नाम से पोस्ट कार्ड अभियान चलाया जा रहा है। विदित हो कि राज्य में कांग्रेस सरकार द्वारा चुनाव घोषणा पत्र 2018 के माध्यम से कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन बहाली हेतु आश्वासन दिया गया है। ततसंबंध में संघ द्वारा पुरानी पेंशन बहाली के लिए पोस्ट कार्ड अभियान को पूरे प्रदेश में सफता प्राप्त हो रहा है जिस कड़ी में आज लॉक डाउन खुलने के बाद जिल सरगुजा के धौरपुर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के सुश्री दीप्ति किस्पोट्टा, सुश्री अर्चना कुजूर श्रीमती शांति भगत के द्वारा स्कूल के सभी एनपीएस पीडि़त कर्मचारियों के द्वारा मुख्यमंत्री और राज्यपाल के नाम से 100 पोस्ट कार्ड भेजा गया। साथ ही दीप्ति किस्पोट्टा के द्वारा बताया गया कि एनपीएस कर्मचारियों के लिए एक अभिशाप बन गया है इसमें रिटायर होने वाले कर्मचरियों को 1000 स े3000 रू पेंशन के रूप में प्राप्त हो रहा है जिससे परिवार चलना एवं बुढ़ापा काट पाना मुश्किल हो गया है। इसलिए पुरानी पेंशन कर्मचारियों के हित में बहाल करना अति आवश्यक है। कृषि विभाग से जितेंद्र यादव एवं सुरेन्द्र अहिरवार ने बताया की पुरानी पेंशन पूरी तरह बाज़ार आधारित एवं जोखिम से भरा हुआ पेंशन व्यवस्था है ये कर्मचारियों कर लिए विवशता है केवल पूंजीपतियों के पोषण के लिए है इसमें कर्मचारी के लिए कुछ भी नहीं है ऐसी योजना को बंद कर तत्काल पुरानी पेंशन योजना चालू किया जाना जरूरी है। ट्राबल विभाग से राजाराम रजक द्वारा भी पोस्ट कार्ड अभियान में शामिल होते हुए बताया गया कि उनके विभाग से भी100 पोस्ट कार्ड भेजा जाएगा। एनपीएस का पूर्ण रूप से विरोध करते हुए बताया गया कि वर्षों से बहुत सारे कर्मचारी साथियों का प्रान नंबर जारी नहीं हुआ है तथा उनकी राशि का हिसाब और ब्याज दर एनपीएस में निर्धारित नहीं है जो कि कर्मचारियों के लिए नुकसान दा है। इसलिए पुरानी पेंशन में ही कर्मचारी साथियों का हित सुरक्षित है। स्वास्थ विभाग से स्टाफ नर्स श्रीमती भारती यादव ने बताया कि उनके विभाग से 200 पोस्ट कार्ड भेजा जाएगा साथ है मांग किया गया है कि करोना योद्धा के लिए 50 लाख राहत राशि प्रदान करते हुए एनपीएस और निजीकरण को तत्काल बंद किया जा ना प्रदेश के युवाओं एवम् शासकीय सेवकों के लिए उचित होगा।
