रायपुर। प्रदेश के कृषि मंत्री रविन्द्र चौबे के गृह विधानसभा क्षेत्र साजा के किसान ने जिला प्रशासन को पत्र लिखकर इच्छा मृत्यु की मांग की है। ग्राम नवागाँवकला तहसील थाना थानखम्हरिया जिला बेमेतरा के किसान कृष्णा वर्मा लोधी पिता रामचंद्र वर्मा लोधी कृषि भूमि स्वामी, प.ह.न.08 में हैं जिसका खसरा न. 382/2 रकबा 0.40 हेक्टेयर भूमि हैं! जिस पर कृषक 27-28 वर्ष से कस्त व कबिज हैं। भूमि के आनलाइन नक्शा खसरा बी -1 में पटवारी के द्वारा किसान का नाम हटा कर धारणधिकर लिख देने से किसान को समस्या हो रही है।

पीडि़त किसान ने आगे बताया कि धान पंजीयन व अन्य शासकीय कार्य में परेशानी उठानी पड़ रही है। इस समस्या का समाधान करने के लिए हल्का पटवारी आशीष मांडले से सम्पर्क करने पर नक्शा खसरा बी-1 में किसान का नाम दर्ज करने के लिए उसके द्वारा 20000/(बीस हजार रुपयो) कि माँग कि गई इतना रुपया किस लिए पूछे जाने पर कहा कि तहसीलदार को देना पड़ेगा तब काम होगा। जिससे किसान आर्थिक व मानसिक रुप से परेशान अपमानित महसुस कर किसान ने जिलाधीश से इच्छा मृत्यु की अनुमति मांगी। पीडि़त किसान की इच्छा मृत्यु मांगने की जानकारी जिला पंचायत सभापति राहुल योगराज टिकरिहा को मिलने पर वह पीडि़त किसान के घर जाकर उनसे मुलाकात किया।

सभापति टिकरिहा ने किसान के घर जाकर किसान से मुलाकात कर उनका सम्पूर्ण दस्तावेज लेकर पटवारी और तहसीलदार से मुलाकात कर समस्या का समाधान करवाया। सभापति टिकरिहा ने बताया कि मुझे नागरिकों द्वारा किसान कृष्णा वर्मा के इच्छा मृत्यु मांग की खबर मिला। जिस पर मैं संज्ञान लेने उसके घर पहुंचा। किसान ने अपनी व्यथा मुझे सुनाया जिस पर मैं संज्ञान लेने पटवारी और तहसीलदार से मुलाकात कर उसके संपूर्ण दस्तावेज लेकर कार्यालय पहुंचा और किसान का काम पूर्ण करवाया।
काम पूरा होने से किसान परिवार के चेहरे पर आयी मुस्कान
सभापति टिकरिहा स्वयं किसान को लेकर पटवारी व तहसील कार्यालय पहुंचे व उन्हें उनका लम्बित कार्य करा कर सारे दस्तावेज किसान परिवार को सौंपा। जिसे पाकर किसान परिवार के चेहरे पर मुस्कान देखने को मिली। काम होने से किसान परिवार में खुशी की लहर है।
72 घण्टे बाद भी नहीं पहुँचा प्रशासन अमला
किसान ने 3 दिन पहले जिलाधीश के नाम इच्छा मृत्यु की अनुमति पत्र जमा किया था। किन्तु अब तक प्रशासन का अमला सुध तक लेने नहीं पहुंचा। राहुल टिकरिहा ने प्रशासन और शासन को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि क्या प्रशासन किसी दुर्घटना का इंतजार कर रही थी या किसान के आत्महत्या का इंतजार किया जा रहा था?
साल भेंट कर किया किसान का सम्मान
राहुल ने परिवार के बुजुर्ग को साल भेंट कर कहा हम आपके साथ सदैव खड़े है। आपको ऐसा कदम उठाने की आवश्यकता नहीं है आपका कार्य हम स्वयं कराएंगे।
राजस्व विभाग के लम्बित कार्यों से लगातार किसान हो रहें है परेशान
बेमेतरा जिला में लगातार देखने को मिल रहा है कि सभी राजस्व हल्का व तहसील से काम नहीं होने से किसान परेशान है।किसान यहाँ तक सोचते है कि कभी राजस्व विभाग का चक्कर ही न पड़े। ग्रामीण व किसान बताते है कि छोटे से छोटे मामलों पर पेशी पर पेशी बुलाई जाती है वहीं पेशी सालों साल चला दी जाती है। राजस्व विभाग को निराकरण के तरीके बदलने होंगे जिससे किसानों को राहत मिलेगी।
प्रदेशभर से राजस्व विभाग की लापरवाही आ रही है सामने
जिला पंचायत सभापति राहुल टिकरिहा ने बताया कि रकबा काटने का यह पहला मामला नहीं है। बेमेतरा जिला के बहुत से किसानों का रकबा गिदावारी के नाम पर षड्यंत्र पूर्वक कम कर दिया जा रहा है। नक्शा खसरा में नाम जोड़वाने के नाम पर राजस्व विभाग द्वारा किसानों से पैसे की मांग भी की जा रही है।
धान खरीदी के नाम पर ऑनलाइन पंजीयन में पता चल रहा है रकबा कटौती
किसान धान बेचने के लिए टोकन लेने जैसे ही मंडी पहुंच रहें है। टोकन के लिए पंजीयन कराने के वक्त उन्हें पता चल रहा है कि उनके खेत का रकबा उम्मीद से ज्यादा कट गया है। किसानों के साथ इस प्रकार का छलावा राज्य सरकार राजस्व विभाग और सहकारिता विभाग के साथ मिलकर कर रही है।

Share.

Comments are closed.

chhattisgarhrajya.com

ADDRESS : GAYTRI NAGAR, NEAR ASHIRWAD HOSPITAL, DANGANIYA, RAIPUR (CG)
 
MOBILE : +91-9826237000
EMAIL : info@chhattisgarhrajya.com
May 2026
M T W T F S S
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031
Exit mobile version