कोलकाता: पश्चिम बंगाल के विधानसभा चुनावों के ऐलान से पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के बंगाल दौरे को लेकर सत्तारूढ़ टीएमसी और बीजेपी में ठन गई है। राष्ट्रपति के कार्यक्रम में प्रोटोकॉल का पालन नहीं होने पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी बीजेपी के अब तक सबसे बड़े निशाने पर हैं। पीएम मोदी डबल अटैक के बाद पार्टी इस मुद्दे पर बेहद आक्रामक है, तो वहीं दूसरी और एनडीए के सहयोगी दलाें ने भी ममता बनर्जी को घेरा इस सब के बीच केंद्रीय गृह सचिव ने राज्य की चीफ सेक्रेटरी से रिपोर्ट मांगी है। इस सब के बीच टीएसमी बीजेपी पर सर्वोच्च पद के राजनीतिकरण करके दुरुपयोग का आरोप लगा रही है।

राष्ट्रपति द्रौपदी मूर्मू विवाद की टाइमलाइन:
6 मार्च: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू दो दिवसीय दौरे पर पश्चिम बंगाल पहुंचीं, 7 मार्च की सुबह राष्ट्रपति दार्जिलिंग जिले में आयोजित 9वें अंतरराष्ट्रीय संथाल सम्मेलन में शामिल हुईं।

7 मार्च: पीएम नरेंद्र मोदी ने इस घटना को शर्मनाक और अभूतपूर्व बताया। उन्होंने टीएमसी सरकार पर राष्ट्रपति के अपमान का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार ने सारी हदें पार कर दी हैं।

7 मार्च: ममता बनर्जी ने कहा कि वह राष्ट्रपति का सम्मान करती हैं राष्ट्रपति को राजनीति बेचने के लिए भेजा है। वह जाल में फंस गई हैं। साल में एक बार आइए मैं आपका स्वागत करूंगी। लेकिन अगर साल में 50 बार आएं, तो मेरे पास समय है क्या? मैं लोगों के साथ खड़ी हूं और एसआईआर के लिए विरोध कर रही हूं। मैं आपकी मीटिंग में कैसे जा सकती हूं? मेरी प्राथमिकता क्या है? आपके लिए बीजेपी प्राथमिकता है, मेरे लिए लोग प्राथमिकता हैं।

8 मार्च: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महिला दिवस पर दिल्ली में कहा कि हमारे देश में कहा जाता है कि कोई कितना भी ताकतवर क्यों न हो, आखिर में घमंड उसे खत्म कर देता है। आज देश की राजधानी से मैं आप सभी से अपील कर रहा हूं कि TMC की गंदी पॉलिटिक्स और सत्ता के घमंड ने, जिसने एक आदिवासी प्रेसिडेंट की गरिमा का अपमान किया, वह जल्द ही चकनाचूर हो जाएगा।

केंद्र ने किया जवाब-तलब
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के पश्चिम बंगाल दौरे को लेकर आरोप-प्रत्यारोप के बीच केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन ने राष्ट्रपति के कार्यक्रम के दौरान कथित चूक पर राज्य की मुख्य सचिव नंदिनी चक्रवर्ती से रिपोर्ट मांगी है। केंद्रीय गृह सचिव ने बिंदुओं का उल्लेख किया है।

  1. राष्ट्रपति को रिसीव करने और विदा करने के लिए मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक मौजूद क्यों नहीं थे?
  2. राष्ट्रपति के लिए बनाए गए वॉशरूम में पानी नहीं था।
  3. प्रशासन ने जो रास्ता चुना था, वह कचरे से भरा हुआ था।
  4. दार्जिलिंग के डीएम, सिलीगुड़ी के पुलिस कमिश्नर इसके लिए जिम्मेदार हैं। उनके खिलाफ क्या कार्रवाई की गई है?

अपमान पर TMC ने दुरुपयोग का आरोप
ममता बनर्जी ने एक्स पर लिखा है कि राष्ट्रपति एक प्राइवेट कार्यक्रम में आई थीं। एडवांस सिक्योरिटी लाइजन के बाद जिला प्रशासन ने राष्ट्रपति सचिवालय को लिखकर बताया कि आयोजक ठीक से तैयार नहीं लग रहा था। यह चिंता टेलीफोन पर भी बताई गई। ममता बनर्जी ने संबंधित पत्रों को फेसबुक पर साझा किया है। सचिवालय की एडवांस टीम ने 05 मार्च को विजिट किया, उन्हें इंतजामों की कमी के बारे में बताया गया, फिर भी प्रोग्राम तय समय पर जारी रहा। माननीय प्रेसिडेंट को सिलीगुड़ी नगर निगम के मेयर, दार्जिलिंग के DM और सिलीगुड़ी पुलिस कमिश्नरेट के सीपी ने सचिवालय द्वारा शेयर किए गए अप्रूव्ड लाइनअप के अनुसार ही रिसीव किया और विदा किया।सीएम लाइनअप या डायस प्लान का हिस्सा नहीं थी। प्रशासन की तरफ से कोई प्रोटोकॉल लैप्स नहीं हुआ। बीजेपी अपने एजेंडे के लिए देश की सबसे ऊंची कुर्सी का अपमान और गलत इस्तेमाल कर रही है। यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है।

Share.

Comments are closed.

chhattisgarhrajya.com

ADDRESS : GAYTRI NAGAR, NEAR ASHIRWAD HOSPITAL, DANGANIYA, RAIPUR (CG)
 
MOBILE : +91-9826237000
EMAIL : info@chhattisgarhrajya.com
March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
Exit mobile version