अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा टेक्सास के ब्राउनस्विले में एक नई तेल रिफाइनरी बनाने की योजना की घोषणा के बाद बुधवार को शुरुआती कारोबार में रिलायंस के शेयरों की कीमत में एक प्रतिशत की वृद्धि हुई। दरअसल रिलायंस ने इस रिफाइनरी में निवेश किया है, जिसके बाद ट्रंप ने कहा कि यह देश में 50 वर्षों में पहली नई रिफाइनरी होगी और इसमें 300 अरब डॉलर का निवेश किया जाएगा।
मार्केट में रिलायंस की स्थिति
ट्रंप के इस बयान के बाद शुरुआती कारोबार में रिलायंस के शेयर में तेजी देखी गई। बीएसई पर रिलायंस के शेयर की कीमत 1.74 फीसदी तक बढ़कर 1,433.65 रुपये प्रति शेयर हो गई। इसके साथ ही एनएसई पर रिलायंस के शेयर की कीमत 1.8 फीसदी से बढ़कर 1,434 रुपये तक पहुंच गई। ब्लू-चिप इंडेक्स में अंकों के हिसाब से रिलायंस का योगदान सबसे अधिक रहा। इससे पहले रिलायंस के शेयरों में साल दर साल के आधार पर 10 फिसदी से अधिक की गिरावट आई है। हालांकि पिछले छह महीनों में शेयर में 1 फीसदी से अधिक की वृद्धि हुई है, और पिछले तीन वर्षों में लगभग 31 फीसदी का रिटर्न दिया है।
यह रही खास बात
अमेरिका फर्स्ट रिफाइनिंग ने मंगलवार को एक बयान जारी कर कहा कि कंपनी इस साल की दूसरी तिमाही में रिफाइनरी का शिलान्यास करेगी। इसके साथ ही उत्पादित तेल की बिक्री के लिए रिलायंस के साथ 20 साल का समझौता किया गया है। ट्रंप ने मंगलवार को ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में कहा, कि अमेरिका फर्स्ट रिफाइनिंग 50 वर्षों में नई अमेरिकी तेल रिफाइनरी टेक्सास के ब्राउनस्विले में खोल रही है। इसके साथ ही उन्होंने निजी ऊर्जा कंपनी रिलायंस को इस जबरदस्त निवेश के लिए धन्यवाद कहा।
ट्रंप के अनुसार यह रिफाइनिंग परियोजना अमेरिकी बाजारों को बढ़ावा देगी और दुनिया की सबसे स्वच्छ रिफाइनरी होगी।
ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के अनुसार, टेक्सास रिफाइनरी ने जून 2024 में घोषणा की थी कि यह प्रतिदिन लगभग 160,000 बैरल तेल प्रोसेस करने में सक्षम है और इसके लिए इसे आवश्यक परमिट मिल चुकी है।

