नई दिल्ली। फेस्टिव सीजन से पहले केंद्र सरकार ने चीनी की जमाखोरी पर लगाम कस ली है। सरकार ने चीनी के स्टॉक को लेकर सख्त रुख अपनाते हुए इसकी लिमिट सेट कर दी है और साफ कहा है कि चीनी का सिर्फ 15 दिन का स्टॉक ही रखा जा सकता है। ये आदेश 1 सितंबर से लागू हो जाएगा। डीलर और कारोबारी महीने में 10 मीट्रिक टन से अधिक चीनी का व्यापार करते हैं, वे अब नई लिमिट से अधिक स्टॉक जमा करके नहीं रख सखेंगे।
गौरतलब है कि सरकार ने बीते अगस्त महीने की पहली तारीख को चीनी डीलरशिप के लिए 30 दिनों की स्टॉक लिमिट सेट की थी और अब इसे कम करते हुए 15 दिन करने का ऐलान किया है। त्योहारी सीजन और लगातार बढ़ती चीनी की कीमतों को लेकर इसकी जमाखोरी रोकने के लिए केंद्र सरकार एक्शन मोड में नजर आ रही है।
नई लिमिट के मुताबिक अब महीने में 10 मिट्रिक टन से अधिक चीनी इस्तेमाल करने वाले थोक व्यापारियों और डीलरशिप 15 दिन से अधिक का स्टॉक अपने पास नहीं रख सकेंगे। 1 सितंबर से लागू होकर ये नया नियम 30 नवंबर 2026 तक लागू रहेगा। इसके दायरे में कन्फेक्शनरी, सॉफ्ट ड्रिंक निर्माता, फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्री, मिठाई विक्रेता शामिल हैं। त्योहारी सीजन से पहले उठाया गया सरकार का ये कदम इसलिए भी अहम है क्योंकि अगस्त-नवंबर में चीनी की डिमांड में तेज बढ़ोतरी होती है और ये खपत रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच जाती है।

