कोलकाता में बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने तीन दिन की हनुमान कथा और दिव्य दरबार से पहले प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने सनातन जागरण, गंगासागर मेला, दक्षिणेश्वर मंदिर की अपनी यात्रा और पत्रकार सुरक्षा पर बात की। धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने पश्चिम बंगाल की पूर्व की ममता बनर्जी सरकार पर निशाना साधा और कहा कि पिछली बार उनकी सरकार में उन्हें बंगाल में कथा करने की अनुमति नहीं दी गई थी, जिसके बाद उनके मुंह से निकल गया था कि ‘दीदी नहीं बुलाएंगी तो जब दादा आएंगे, तब कथा करने जाएंगे’ और भगवान ने उनकी बात पूरी कर दी। धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि हम सत्ताओं के कारण कथा नहीं करते, ठाकुर के कारण करते हैं। हमारे कोई निजी कारण नहीं थे। हो सकता है उस समय सत्ता में रही दीदी के कोई निजी कारण रहे हों।

बागेश्वर धाम ने और क्या कहा?

बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा कि हम तो जहां जाते हैं वहीं आश्रम है। तुम्हारा घर हमारा आश्रम ही तो है। हम मठों में बहुत ज्यादा भरोसा इसलिए नहीं करते क्योंकि मठ तो कभी भी गिराए जाते हैं। हम मन में मठ बनाने की चेष्टा ज्यादा रखते हैं। मन में मठ बनाया जाएगा, वो कभी गिराया नहीं जाएगा। कौन झंझट में पड़े? मठ बनाने की सोचेंगे, फिर सीएम से गुहार लगाएंगे, फिर जमीन लेंगे, हम में और आप में क्या अंतर रहा? कोई दे देगा, तो अपना बोर्ड लगा देंगे। हम बहुत झंझटों में फंसने वाले गुरू नहीं, हम लोगों के मन में मठ बनाने की चेष्टा रखते हैं।

सत्ता परिवर्तन तो होता रहता है- धीरेंद्र शास्त्री


बंगाल में पहली बार पाठ करने पहुंचे धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि सत्ता परिवर्तन तो होता रहता है। ये जनता के हाथ में है, हमारे हाथ में नहीं। हम तो बंगाल का मन परिवर्तन करने आए हैं। मन परिवर्तन नहीं हो पाया। विचार में परिवर्तन हुआ है, पर विकार में परिवर्तन नहीं हो पाया। हम विकार को मिटाने, मन परिवर्तन करने आए हैं। जिनके अंदर बंगाल में रहकर भारत के खिलाफ जहर भरा है, उनके अंदर हम अमृत भरने के लिए आए हैं।

उन्होंने आगे कहा कि आप सभी को कृष्ण जनमाष्टमी की शुभकामना। बंगाल विचार की, कवियों की, संतों की और भक्तों की भूमि है। हमें भरोसा है कि यहां से हमें प्यार और दुलार सब मिलेगा ही मिलेगा। हम प्यार और दुलार लेने आए भी नहीं हैं। हम तो सिर्फ जगाने आए हैं, जो जागे, वो सिकंदर, जो जागे, वो महान। हमारा उद्देश्य ही है भारत के प्रति जगाना। राम भक्ति और राष्ट्र भक्ति लोगों के अंदर भरी है, इसलिए हम कोने-कोने में जाते हैं। हमें यहां आकर बहुत अद्भुत लगा, पहले भी अच्छा लगता था। मन में एक दुविधा रहती थी। कुछ लोगों को हमारे आने से खुजली बहुत होती थी। अब खुजली थोड़ी कम हुई है।

पाकिस्तान को भस्म करने का श्राप दे देते- धीरेंद्र शास्त्री


पूर्व की सरकार में कथा की अनुमति नहीं मिलने पर धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि हो सकता है कि कोई परिस्थिति ऐसी रही हो कि उस समय जो सत्ता में थीं, उन्होंने हमें अनुमति नहीं दी। उनके कोई निजी कारण होंगे, हमारे कोई निजी कारण नहीं थे। हम सत्ताओं के कारण कथा नहीं करते हैं, ठाकुर के कारण कथा करते हैं। हम साधु हैं। हमारे पास हनुमान जी की माला है, हमारे मुंह से भगवान ने निकलवा दिया होगा। हमने कुछ नहीं किया। हमारे मुंह से निकल गया था कि ‘दीदी नहीं बुलाएंगी तो, जब दादा आएंगे तब हम कथा करने जाएंगे।’ निकल गया था और भगवान ने पूरा कर दिया। इसमें हमारा दोष नहीं है। ना हम किसी को वरदान दे सकते हैं, ना श्राप। यदि ऐसा होता तो हम पाकिस्तान को भस्म करने का श्राप न दे देते

Share.

Comments are closed.

chhattisgarhrajya.com

ADDRESS : GAYTRI NAGAR, NEAR ASHIRWAD HOSPITAL, DANGANIYA, RAIPUR (CG)
 
MOBILE : +91-9826237000
EMAIL : info@chhattisgarhrajya.com
September 2026
M T W T F S S
 123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
282930  
Exit mobile version