हरियाणा के गुरुग्राम स्थित पॉश गोल्फ कोर्स रोड पर महिला बाइक राइडर सिया को थार से टक्कर मारने के चर्चित मामले में बड़ा अपडेट सामने आया है। गुरुग्राम पुलिस ने आरोपी कार चालक कल्याण बैसला को राजस्थान के दौसा जिले से डिटेन (हिरासत में) कर लिया है। सोशल मीडिया पर हादसा और बहस का वीडियो वायरल होने के बाद हरकत में आई पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए अब इसमें हत्या के प्रयास (Attempt to Murder) जैसी संगीन धारा भी जोड़ दी है।
CCTV फुटेज खंगालने के बाद पुलिस का कड़ा कदम
वायरल वीडियो पर संज्ञान लेते हुए सेक्टर-56 थाना पुलिस ने पूरे मामले की बारीकी से जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के सीसीटीवी (CCTV) फुटेज को ध्यान से देखा। फुटेज में सामने आए साक्ष्यों के आधार पर दर्ज प्राथमिकी (FIR) में नए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 109 जोड़ी गई है। कानून के जानकारों के अनुसार, हत्या के प्रयास की इस धारा के तहत आरोपी को 10 साल तक की जेल की सजा हो सकती है।
राजस्थान के दौसा से पकड़ा गया आरोपी
मामले में आरोपी कल्याण बैसला के वकील नवीन बैसला ने उसकी कस्टडी की पुष्टि की है। वकील के अनुसार, पुलिस टीम ने कल्याण को राजस्थान के दौसा इलाके से हिरासत में लिया है और अब उसे गुरुग्राम की अदालत में पेश करने की तैयारी की जा रही है।
बचाव में बोले वकील- ‘वीडियो एडिटेड, घबराहट में भागा क्लाइंट’
वहीं दूसरी तरफ आरोपी के वकील ने मीडिया के सामने अपने क्लाइंट का बचाव करते हुए कहा कि सोशल मीडिया पर जो फुटेज घूम रही है, वह पूरी तरह से एडिट की गई है। उन्होंने कहा कि हादसे के वक्त दोनों ही गाड़ियां काफी तेज रफ्तार में थीं। टक्कर होने के बाद कल्याण डर गया था, इसलिए वह मौके से चला गया। वकील का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही साफ होगा कि असल गलती किसकी थी।
मंत्री गौरव गौतम बोले- ‘कानून से ऊपर कोई नहीं’
इस हाई-प्रोफाइल मामले पर राजनीतिक बयानबाजी भी शुरू हो गई है। हरियाणा सरकार में राज्य मंत्री और पलवल से विधायक गौरव गौतम ने भी बयान दिया है। उन्होंने साफ कहा कि कानून सभी के लिए बराबर है और अपना काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि चाहे आरोपी उनका कोई परिचित या रिश्तेदार ही क्यों न हो, दोषी पाए जाने पर किसी को बख्शा नहीं जाएगा और सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


