बिलाईगढ़ इलाका के सरसींवा ग्राम पंचायत में एक ऐसा मामला सामने आया हैं, जहाँ एक गरीब परिवार के मकान के कुछ हिस्से को पंचायत प्रतिनिधियों ने दूसरे व्यक्ति को बेच दिया। अब पंचायत  प्रतिनिधियों से खरीददारी करने वाले व्यक्ति ने पीड़ित परिवार के शौचालय व रसोई को तोड़कर मकान खड़ा कर दिया हैं। मामलें में पीड़ित परिवार ने मकान निर्माण पर रोक लगाने एसडीएम सहित कलेक्टर से शिकायत करते हुए न्याय की गुहार लगाई, लेकिन उन्हें न्याय नहीं मिली। अब परेशान होकर पीड़ित भूख हड़ताल पर बैठ गई।



पीड़ित कुमारी यादव व पदुम बाई की माने तो सरसींवा बस स्टैंड के पास काबिज स्थल पर विगत 30-40 वर्षो से एक छोटा सा मकान बनाकर रह रहीं हैं। मकान से लगे कुछ हिस्सों पर उन्होंने शौचालय व रसोई निर्माण किया था। आरोप है कि जिसको पंचायत के प्रतिनिधियों ने पैसों की लालच में किसी अन्य व्यक्ति को बेच दिया। अब उस स्थल को लेने वाले व्यक्ति उनके शौचालय व रसोई को तोड़कर अपना मकान खड़ा कर दिया हैं। इतने में भी मन नहीं भरा तो बस स्टैंड के पास बने सार्वजनिक शौचालय पर भी कब्जा कर मकान बना दिया। मकान निर्माण के दौरान  बिलाईगढ़ एसडीएम और कलेक्टर को भी पीड़ित परिवार ने शिकायत करते हुए रोक लगाने मांग भी की, लेकिन न तो निर्माण पर कोई कार्यवाही हुई, और न ही किसी प्रकार की कोई रोक लगाई गई। आरोपी बेखौफ हो मकान निर्माण कर रहा है।

उनको मना करने पर पंचायत के प्रतिनिधियों सहित अन्य व्यक्ति भी किसी भी अधिकारियों को शिकायत करने की बात कहकर धमकी दी। इसकी भी शिकायत सरसींवा थाने में की गई है। बावजूद इसके उन्हें न्याय नहीं मिला। ऐसे में परेशान होकर सरसींवा बस स्टैंड के पास भूख हड़ताल पर बैठ गई। आगे पीड़ितों ने मीडिया को अपनी व्यथा सुनाते कहाकि जब तक इनकी माँगे पूरी नहीं होगी तब तक अपनी भूख हड़ताल को जारी रखेगी।
वहीं दूसरी तरफ जब इस मामलें में नायाब तहसीलदार रुपाली मेश्राम से फोन के माध्यम से बात कर जानकारी लेने का प्रयास किया गया तो उन्होंने गोल-मोल जवाब दिया।  ऐसे में अब इस मामलें की जांच होनी चाहिये, ताकि मामलें की पूरी सच्चाई सबके सामने आ सकें।

Share.

Comments are closed.

chhattisgarhrajya.com

ADDRESS : GAYTRI NAGAR, NEAR ASHIRWAD HOSPITAL, DANGANIYA, RAIPUR (CG)
 
MOBILE : +91-9826237000
EMAIL : info@chhattisgarhrajya.com
March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
Exit mobile version