छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र के 17वें दिन शुक्रवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) विधायक धर्मजीत सिंह ने सदन में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जरिए राज्य की नदियों में घटते भूजल स्तर का मुद्दा उठाया। भाजपा विधायक धर्मजीत सिंह ने कहा कि शिवनाथ जैसी महत्वपूर्ण नदियों में भूजल स्तर घटने से इस साल मार्च महीने में सूखे जैसे हालात बन गए हैं, जिससे राज्य में जल संकट की स्थिति पैदा हो रही है। भाजपा विधायक ने कहा कि सतही जल की उपलब्धता 4,17,200 लाख घन मीटर है, जबकि भूजल स्तर 1,45,480 लाख घन मीटर है। उन्होंने कहा कि राज्य में भूजल स्तर दिनों-दिन घटता जा रहा है। उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने अपने जवाब में कहा कि सतही जल की उपलब्धता 48,296 घन मीटर और भूजल की उपलब्धता 62,844 घन मीटर है जल संरक्षण एवं वर्षा जल संचयन कार्यक्रम के अंतर्गत 68,685 कार्य किए गए हैं। 32,355 तालाबों का जीर्णोद्धार किया गया है। जल भराव के लिए 15,407 कार्य पूर्ण किए गए हैं। वाटर शेड के अंतर्गत 38,149 कार्य किए गए हैं। नर्सरी एवं पौधरोपण के लिए 16,59,217 कार्य पूर्ण किए गए हैं। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने बैठक में उपस्थित मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को निर्देश दिए कि गर्मी के मौसम में जल संकट की चुनौतियों से निपटने के लिए एक सप्ताह के भीतर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक करें। विधानसभा अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री से कहा कि वे राज्य के कलेक्टरों को स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक कर गर्मी के मौसम में जल संकट से निपटने के लिए कार्ययोजना बनाने के निर्देश दें। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विधानसभा अध्यक्ष को आश्वासन दिया कि वे वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर इस मामले में कलेक्टरों को निर्देश देंगे।

