राजनांदगांव। कोरोना संक्रमण के खिलाफ जारी लड़ाई के अंतर्गत स्वास्थ्य विभाग ने जिले में अब ‘स्वास्थ्य सुरक्षा अभियान’ की शुरूआत की है। इस अभियान के तहत जिले में प्रमुख रूप से मितानिन तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका के माध्यम से शहर के साथ ही गांव-गांव में घर-घर जाकर कोरोना संक्रमण का पता लगाने के लिए सर्वे का कार्य किया जा रहा है। इसके लिए मितानिन और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका को प्रशिक्षित भी किया गया है। स्वास्थ्य सुरक्षा अभियान 28 अक्टूबर से शुरू किया गया है, जो कि 31 दिसंबर तक जारी रहेगा। अभियान के पहले व दूसरे दिन मितानिन और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका अपने संबंधित क्षेत्र में कोरोना की जांच व सर्वे करने निकलीं। उन्होंने बताया, घर-घर सर्वे करने के बाद कोरोना के लक्षणात्मक मरीजों की पहचान कर उन्हें जांच के लिए संबंधित पीएचसी या सीएचसी भेजा जाएगा, जहां उनका समुचित इलाज किया जाएगा। सबसे पहले सर्वे कर कोरोना संक्रमण के लक्षण वाले लोगों के नाम वाली सर्वे सूची उसी दिन शाम तक बीएमओ को सौंपी जाएगी। इसी सूची के आधार पर बीएमओ के द्वारा 24 घंटे के भीतर कोरोना जांच हेतु संबंधित का सैंपल लेना सुनिश्चित किया जाएगा। सर्वे कार्य हेतु सप्ताह में दो दिन तय किए गए हैं, यानी सप्ताह के प्रत्येक बुधवार एवं गुरूवार को मितानिन घर-घर जाकर सर्वे करेंगी। जिले के सभी प्राथमिक-स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र एवं स्क्रीनिंग सेंटर में कोरोना जांच की व्यवस्था स्वास्थ्य विभाग द्वारा की गई है।
कोरोना संक्रमण के खतरे के लिहाज से जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग की ओर से लगातार यह अपील की जा रही है कि, किसी भी व्यक्ति में बुखार, सर्दी, खांसी के लक्षण दिखें या सांस लेने में परेशानी, सूंघने अथवा स्वाद की शक्ति में कमी, उल्टी-दस्त और शरीर में दर्द की शिकायत हो तो उन्हें तत्काल जांच या चिकित्सीय परामर्श लेना चाहिए। स्वास्थ्य सुरक्षा अभियान में भी यही अपील दोहराई जा रही है कि, कोरोना संक्रमण के लक्षण महसूस होने पर मितानिन, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता या स्वास्थ्य कार्यकर्ता को जरूर बताएं, ताकि समय पर जांच और इलाज हो सके। साथ ही इस बात पर भी जोर दिया जा रहा है कि मॉस्क जरूर लगाएं, दो गज दूरी का सख्ती से पालन करें तथा हाथों को सैनिटाइज करने में कोताही न करें। कोरोना संक्रमण से बचने के लिए तय सुरक्षा नियमों का पालन करते हुए ही मितानिनों के साथ आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका भी इस अभियान को गति दे रही हैं। इस संबंध में सीएमएचओ राजनांदगांव डा. मिथलेश चौधरी ने बताया, कोरोना संक्रमण का खतरा अभी पूरी तरह नहीं टला है। विशेषकर, त्यौहारों के समय में लोगों को और भी ज्यादा सजग-सतर्क रहने की आवश्यकता है। कोरोना संक्रमण से बचाव के प्रयासों के तहत ही जिले में अब स्वास्थ्य सुरक्षा अभियान चलाया जा रहा है। इसमें मितानिन, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका घर-घर जाकर सर्दी-खांसी, बुखार या कोरोना से संबंधित अन्य लक्षणों से पीड़ितों का पता लगाने के लिए सर्वे कर रहीं हैं, ताकि समय रहते पीड़ित को चिन्हित कर उनका उपचार किया जा सके।
