रायपुर। छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन द्वारा 14 सूत्रीय मांगों को लेकर आगामी 1 दिसम्बर 20 से प्रारम्भ होने वाले कलम रख-मशाल उठा आंदोलन को छत्तीसगढ़ राज्य संयुक्त पेंशनर्स फेडरेशन के अध्यक्ष वीरेन्द्र नामदेव ने खुला समर्थन देने का ऐलान किया है। उन्होंने बताया कि पेंशनर्स फेडरेशन से जुड़े संगठन क्रमश: छत्तीसगढ़ प्रगतिशील पेंशनर कल्याण संघ के प्रांताध्यक्ष ए एन शुक्ला, पेंशनर्स एसोसिएशन छत्तीसगढ़ के प्रांताध्यक्ष यशवन्त देवान तथा भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ छत्तीसगढ़ प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष जे पी मिश्रा ने फेडरेशन की बैठक में सर्वसम्मति से यह फैसला लिया है। उन्होंने आगे बताया है कि यह पहली बार है, राज्य के पेंशनरों की जटिल समस्या को समझकर प्रदेश के कर्मचारी संगठनों ने कमल वर्मा के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन के बैनर तले यह निर्णय लिया है कि वे अब अपने रिटायर्ड वरिष्ठ जनों की लड़ाई भी खुद लड़ेंगे और मांग पत्र में 2 सरे नम्बर पर हमारे लिये 5 प्रतिशत महंगाई राहत मांगा है और 14वें नम्बर में 20 वर्षो से लंबित राज्य पुनर्गठन अधिनियम की धारा 49 को विलोपित कर मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ के बीच नियमानुसार 74:26 के अनुपात में पेंशनरी दायित्व बंटवारा करने एवं सेन्ट्रल पेंशन प्रोसेसिंग सेल,स्टेट बैंक भोपाल की स्थापना छत्तीसगढ़ रायपुर में करने की मांग को प्रमुखता के साथ रखा है। पेंशनर्स फेडरेशन के बैठक में इस आंदोलन में शामिल सभी कर्मचारी संगठनों के प्रति आभार जताया है और सभी जिलों में पेंशनरों को इस आंदोलन में सहभागी बनने का आव्हान किया गया है।
