उत्तर प्रदेश – गोरखपुर का एक परिवार मैट्रिमोनी साइट के जरिए ठगी का शिकार हो गया. प्रदेश के इटावा जिले के रहने वाले एक युवक ने खुद को IAS अफसर बताकर 11 मार्च को परिवार की बेटी से शादी कर ली. उसने सगाई नहीं करने के नाम पर लड़की के परिवार से 15 लाख रुपये भी लिए गए, साथ ही शादी का कुल खर्च करीब 30 लाख रुपये आया.
आरोपी खुद को IAS अधिकारी बताकर पहले भी दो शादी कर चुका है. यह उसकी तीसरी शादी थी. फिलहाल, वह अपने परिवार के साथ फरार है. पुलिस ने फर्जी IAS और उसके परिवार के खिलाफ केस दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है. गनीमत रही कि युवती समय रहते आरोपियों के चंगुल से आजाद हो गई, नहीं तो उसे बेचने की फिराक में था.
गोरखपुर के कैंट थाना क्षेत्र के मोहद्दीपुर में रहने वाले लड़की के पिता ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि वे अपनी बेटी के लिए रिश्ता तलाश रहे थे. निषाद विवाह ग्रुप के जरिए उन्हें प्रीतम कुमार निषाद का बायोडाटा मिला. प्रीतम इटावा के इकदिल थाना क्षेत्र के लुधियात मोहल्ले का रहने वाला है और खुद को शिवपाल सिंह निषाद का बेटा बताता है.
लड़की पक्ष ने बताया कि प्रीतम कुमार निषाद से संपर्क करने पर उसने खुद को IAS अधिकारी बताया और माणिकपुर में पदस्थ होने की बात कही. भरोसा दिलाने के लिए उसने न्यूज चैनल को दिए कथित इंटरव्यू, ऑफिस और कुछ नेताओं के साथ अपनी फोटो-वीडियो भेजे.
बातचीत के दौरान फर्जी IAS प्रीतम ने कहा कि वह बिना दहेज के शादी करेगा, लेकिन लड़की पसंद आनी चाहिए. परिवार उसके झांसे में आ गया और रिश्ता तय कर दिया. सगाई से तीन दिन पहले आरोपी प्रीतम ने खर्च के नाम पर लड़की पक्ष से 15 लाख रुपये की मांग कर दी. साथ ही साफ कर दिया कि अगर, पैसे नहीं दिए तो वह शादी नहीं करेगा. बेटी को विदा करने के सपने सजाकर बैठे परिवार ने मजबूरी में सगाई के दिन 10 लाख रुपये नकद आरोपी प्रीतम को दिए. बाकी 5 लाख शादी के दिन तिलक में दिए गए.
12 मार्च को दुल्हन की विदाई के बाद शादी में आए एक व्यक्ति ने लड़की पक्ष को बताया कि उनका दामाद प्रीतम आईएएस नहीं है, उसने फर्जी अफसर बनकर शादी की है. इसके बाद परिजन उसके बताए गए पते पर पहुंचे, जहां एक छोटे से कमरे में उनकी बेटी मिली, जबकि आरोपी प्रीतम और उसकी बहन मौके से फरार हो गए.
इधर, दुल्हन ने घर लौटने के बाद परिजनों को जो बताया उसे सुनकर उनके होश उड़ गए. उसने कहा कि रास्ते में आरोपी प्रीतम उसे गोवा ले जाकर बेचने की योजना बना रहा था. पीड़ित परिवार का आरोप है कि आरोपी एक शातिर जालसाज है, जो फर्जी पद और दस्तावेजों के जरिए लड़कियों और उनके परिवार को अपना शिकार बना रहा है.

