सोशल मीडिया पर इन दिनों थाईलैंड का एक इलीगल पेट मार्केट चर्चा में है. भारतीय इंफ्लुएंसर सार्थक सचदेवा ने बेहद सावधानी से इस मार्केट की अंदर की झलक दिखाई है. जहां रिकॉर्डिंग करना मना है, वहां उन्होंने जो वीडियो बनाया है, वह देखकर लोग हैरान रह गए हैं.
इस मार्केट में आम पालतू जानवरों के अलावा दुर्लभ और एक्सोटिक जानवर बिकते नजर आए. छोटे-बड़े रेप्टाइल्स, रंग-बिरंगे पक्षी, बंदर, स्लो लोरिस, विभिन्न प्रजातियों के सांप, छिपकली और अन्य वाइल्ड एनिमल्स खुले में बिकते देखे गए. इनमें कई ऐसे जानवर हैं जो CITES (Convention on International Trade in Endangered Species) की लिस्ट में शामिल हैं और जिनकी व्यापार पूरी तरह प्रतिबंधित है. सार्थक ने बताया कि मार्केट में घुसते ही सख्ती से चेकिंग होती है. फोन छीन लिए जाते हैं या रिकॉर्डिंग करने पर सख्त कार्रवाई हो सकती है. इसके बावजूद उन्होंने छुपकर कुछ क्लिप्स बनाईं जिनमें जानवरों की खरीद-बिक्री साफ दिख रही है.
भारत में क्या सजा?
भारत में वाइल्डलाइफ प्रोटेक्शन एक्ट 1972 के तहत ऐसे जानवरों को पालना, खरीदना या बेचना गंभीर अपराध है. दुर्लभ प्रजातियों के मामले में फाइन लाखों से शुरू होकर करोड़ों तक हो सकता है. जेल की सजा 3 से 7 साल तक हो सकती है. कई प्रजातियां पूरी तरह संरक्षित हैं, जिन्हें पालने का मतलब सीधे जेल है.
क्यों फल रहा है यह मार्केट?
थाईलैंड में पर्यटकों की भारी भीड़ के कारण डिमांड ज्यादा है. विदेशी पर्यटक एक्सोटिक पेट्स खरीदकर अपने देश ले जाना चाहते हैं. इससे तस्करी का नेटवर्क मजबूत होता जा रहा है. कई जानवर जंगलों से चोरी करके लाए जाते हैं और अस्वास्थ्यकर हालत में रखे जाते हैं. वीडियो में सार्थक ने दिखाया कि कैसे स्टॉल पर जानवरों को छोटे-छोटे पिंजरों में रखा गया है. कुछ जानवरों की हालत खराब दिख रही थी. वीडियो वायरल होते ही लोगों ने कमेंट्स में कहा कि “भारत में होता तो बाजार सील हो जाता।”. कुछ यूजर्स ने वाइल्डलाइफ तस्करी पर सख्त कानून की मांग की.
विशेषज्ञों की चिंता
वाइल्डलाइफ एक्टिविस्ट्स कहते हैं कि ऐसे इलीगल मार्केट्स से कई प्रजातियां विलुप्त होने के कगार पर पहुंच गई हैं. खासकर स्लो लोरिस, कुछ प्रजातियों के तोते और सांपों की आबादी तेजी से घट रही है. ये जानवर प्राकृतिक संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. भारत में भी कुछ शहरों में छुपकर एक्सोटिक पेट्स बिकते हैं. लोग सोशल स्टेटस दिखाने के लिए महंगे और दुर्लभ जानवर खरीदते हैं. लेकिन कानून सख्त है और पकड़े जाने पर भारी सजा होती है.

