चेन्नई: बीजेपी की तमिलनाडु इकाई के पूर्व अध्यक्ष के. अन्नामलाई आज कोयंबटूर के निकट पोल्लाची में अपने फाउंडेशन की ओर से आयोजित ‘नशा मुक्ति’ अभियान के तहत एक विशाल जनसभा को संबोधित करेंगे। बीजेपी से अलग होने के बाद यह उनका पहला बड़ा सार्वजनिक कार्यक्रम माना जा रहा है। इस जनसभा पर राजनीतिक और सामाजिक दोनों ही स्तरों पर नजरें टिकी हुई हैं। अन्नामलाई के समर्थक अमर प्रसाद रेड्डी ने चेन्नई में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि नशीले पदार्थों की बढ़ती लत केवल तमिलनाडु ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए गंभीर चुनौती बन चुकी है। उन्होंने कहा कि युवाओं, विशेष रूप से छात्रों के बीच नशे की प्रवृत्ति तेजी से बढ़ रही है। इससे वे अवसाद, मानसिक तनाव और लत जैसी गंभीर समस्याओं का सामना कर रहे हैं।
लोगों से की गई अपील
रेड्डी के अनुसार, अन्नामलाई ने पूरे जुलाई महीने को ‘नशा मुक्ति माह’ के रूप में मनाने का फैसला किया है। इस अभियान के समर्थन में लोगों से सफेद पट्टी पहनकर नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाने की अपील की गई है। उनका कहना है कि यह पहल किसी राजनीतिक उद्देश्य से नहीं, बल्कि समाज को नशे जैसी बुराई से मुक्त करने के लिए शुरू की गई है। उन्होंने दावा किया कि पोल्लाची में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में करीब 50 हजार से 75 हजार लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।
जनसभा अभियान का सबसे बड़ा कार्यक्रम
आयोजकों का कहना है कि यह जनसभा अभियान का सबसे बड़ा कार्यक्रम होगी और इसमें समाज के विभिन्न वर्गों की भागीदारी देखने को मिलेगी। बता दें कि अन्नामलाई के ‘वी द लीडर्स फाउंडेशन’ की ओर से नशा विरोधी अभियान के तहत राज्यभर में कई जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं। इनमें मैराथन, वॉकाथॉन, साइक्लोथॉन, चिकित्सा शिविर और विभिन्न खेल प्रतियोगिताएं शामिल हैं। फाउंडेशन का उद्देश्य युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना और समाज में नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।

