अहमदाबाद: अयोध्या राम मंदिर के बाद गुजरात में स्थिति शक्तिपीठ अंबाजी मंदिर में दान चोरी की घटना सामने आई है। कैश चोरी का एक वीडियो सामने आने के बाद कलेक्टर ने व्यवस्था को बदला दिया है। अंबाजी मंदिर गुजरात के बनासकांठा जिले में स्थिति है। वीडियो में दावा किया है कि आउटसोर्स कर्मचारी ने मंदिर से कथित तौर पर एक लाख रुपये चुराए। सोशल मीडिया पर एक पुराना CCTV वीडियो वायरल हुआ है जिसमें दान पेटी से कथित चोरी की घटना दिख रही है, हालांकि इस मामले के तूल पकड़ने के बाद मंदिर की व्यवस्था में बदलाव किया गया है। पिछले दिनों मुकेश अंबानी के बेटे अनंत अंबानी ने भी इस मंदिर में मोटी धनराशि दान की थी।
कर्मचारी को नौकरी से निकाला गया
मंदिर प्रशासन के मुताबिक, यह घटना मई में हुई थी। आरोपी की पहचान चिराग ठाकोर के तौर पर हुई है। आरोप है कि जब दान की रकम (नोटों) की गिनती हो रही थी, तब उसने कैश का एक बंडल चुराने की कोशिश की। अधिकारियों ने बताया कि जब वह वॉशरूम जाने के बहाने गिनती वाले कमरे से बाहर निकल रहा था, तो उसकी जेब से कैश का बंडल गिर गया, जिससे बाकी कर्मचारियों को शक हुआ। बाद की जांच में दो और आउटसोर्स कर्मचारियों की मिलीभगत का पता चला। मंदिर प्रशासन की ओर से एफआईआर दर्ज कराए जाने के बाद तीनों कर्मचारियों को गिरफ्तार कर लिया गया और तुरंत नौकरी से निकाल दिया गया।
मेटल डिटेक्टर से होगी चेकिंग
इस घटना के बाद बनासकांठा के कलेक्टर और श्री आरासुरी अंबाजी माता देवस्थान ट्रस्ट के मैनेजिंग ट्रस्टी मिहिर पटेल ने कहा कि ट्रस्ट ने अब ज्यादा पारदर्शिता सुनिश्चित करने और ऐसी घटनाओं को दोबारा होने से रोकने के लिए एक व्यापक SOP (मानक संचालन प्रक्रिया) लागू की है। कलेक्टर के अनुसार तीनों कर्मचारियों को उस समय तुरंत प्रभाव से नौकरी से निकाल दिया गया था। उसके बाद दान की गिनती की प्रक्रिया को और मज़बूत करने के लिए एक नई SOP की घोषणा की गई है। नई व्यवस्था के तहत, दान की गिनती की पूरी प्रक्रिया की निगरानी 20 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों के जरिए की जाएगी और रिकॉर्डिंग छह महीने तक सुरक्षित रखी जाएगी। दान की गिनती में शामिल कर्मचारियों को गिनती वाले कमरे में घुसने से पहले और बाहर निकलने के बाद पुलिस मेटल डिटेक्टर से उनकी तलाशी लेगी।
बड़ी जेब के कपड़ों पर रोक
कलेक्टर के अनुसार नई व्यवस्था में बड़ी जेब वाले कपड़े पहनने की भी इजाजत नहीं है। पारदर्शिता बढ़ाने के लिए दान की गिनती की पूरी प्रक्रिया का मंदिर परिसर के बाहर चाचर चौक पर लगी एक बड़ी एलईडी स्क्रीन पर लाइव प्रसारण भी किया जाएगा। कलेक्टर मिहिर पटेल ने बताया कि आगे कहा कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा सीसीटीवी फुटेज मई की है। मंदिर ट्रस्ट और पुलिस पहले ही इस पर कार्रवाई कर चुके हैं। राजस्थान बॉर्डर के पास बनासकांठा जिले में स्थित अंबाजी मंदिर भारत के सबसे पवित्र शक्तिपीठों में से एक है और यह तीर्थयात्रियों के लिए एक प्रमुख जगह है। देवी अंबा को समर्पित इस मंदिर में हर साल लाखों श्रद्धालु आते हैं। इस मंदिर की राजनीतिक तौर पर भी तगड़ी मान्यता है।

