नई दिल्ली, कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) का पोर्टल 26 जून, 2026 को यह हवाला देते हुए बंद किया गया था कि ईपीएफओ सर्विसेज को फास्ट और सुविधाजनक बनाने के लिए पोर्टल को अपग्रेड किया जा रहा है और जल्द ही इसे शुरू कर दिया जाएगा। हालांकि, सात दिन के बाद ही पोर्टल को चालू भी कर दिया गया है, लेकिन अभी तक ईपीएफओ की सर्विसेज नहीं चल पा रही हैं। ज्यादातर लोगों को क्लेम से लेकर एक्टिवेशन तक की समस्याएं आ रही हैं। बहुत से लोग ऐसे भी हैं, जो लॉग इन नहीं कर पा रहे हैं। दरअसल, 3 जुलाई को ईपीएफओ के पोर्टल को फिर से बहाल किया गया था और कुछ बदलाव किया गए। सर्विस बहाल करने के साथ ही ईपीएफओ की ओर से जानकारी दी गई थी कि सर्विस डिस्ट्रीब्यूशन और मेंबर एक्सप्रीएंस को बेहतर बनाने के लिए महत्त्वपूर्ण डेटाबेस और सॉफ्टवेयर अपग्रेड को सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है।
वहीं यूएएन एक्टिवेशन संबंधी और यूएएन जनरेट करने संबंधी चीजों को वेबसाइट से हटाकर उमंग ऐप द्वारा करने की बात कही गई थी, लेकिन अभी तक उमंग ऐप पर ईपीएफओ सर्विस को जारी नहीं किया गया है। यूजर्स अपने ऐप में लॉग इन तक नहीं कर पा रहे हैं। उमंग ऐप पर ईपीएफओ की सर्विस खुलते ही एक पॉपअप मैसेज दिखाई दे रहा है, जिसमें लिखा है कि वेबसाइट मेंटिनेंस का काम जारी है और जल्द ही इसकी सर्विस बहाल की जाएगी। पोर्टल पर जानकारी दी गई है कि मेजर डेटाबेस और सॉफ्टवेयर अपग्रेड का काम पूरा हो चुका है। सदस्यों और नियोक्ता सर्विस अब लाइव हो चुके हैं और अब सभी सुविधाएं उपयोग के लिए उपलब्ध हैं। वहीं क्लेम को शेड्यूल किया गया है। इसके प्रॉसेस के वेरिफाई होने में 2 हफ्ते का समय लग सकता है।कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) का पोर्टल 26 जून, 2026 को यह हवाला देते हुए बंद किया गया था कि ईपीएफओ सर्विसेज को फास्ट और सुविधाजनक बनाने के लिए पोर्टल को अपग्रेड किया जा रहा है और जल्द ही इसे शुरू कर दिया जाएगा। हालांकि, सात दिन के बाद ही पोर्टल को चालू भी कर दिया गया है, लेकिन अभी तक ईपीएफओ की सर्विसेज नहीं चल पा रही हैं। ज्यादातर लोगों को क्लेम से लेकर एक्टिवेशन तक की समस्याएं आ रही हैं। बहुत से लोग ऐसे भी हैं, जो लॉग इन नहीं कर पा रहे हैं। दरअसल, 3 जुलाई को ईपीएफओ के पोर्टल को फिर से बहाल किया गया था और कुछ बदलाव किया गए। सर्विस बहाल करने के साथ ही ईपीएफओ की ओर से जानकारी दी गई थी कि सर्विस डिस्ट्रीब्यूशन और मेंबर एक्सप्रीएंस को बेहतर बनाने के लिए महत्त्वपूर्ण डेटाबेस और सॉफ्टवेयर अपग्रेड को सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है।

