Sawan Marriage Rashifal 2026: सावन माह आज से शुरू हो गया है. सावन में लोग अपने मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए भगवान शिव की पूजा करते हैं. जो लोग विवाह योग्य हैं और उनकी शादी में किसी वजह से देरी हो रही है तो वे सावन में भगवान भोलेनाथ और माता पार्वती के आशीर्वाद के लिए कई उपाय करते हैं. आपको बता दें कि इस सावन 12 राशियों को कुछ न कुछ मिलेगा, लेकिन उनमें से 4 राशिवालों को उनका लाइफ पार्टनर मिल सकता है. उनकी शादी की बात पक्की हो सकती है.
सावन में किन राशियों के लिए विवाह के योग सबसे मजबूत हैं?
कानपुर की ज्योतिषाचार्या स्वाति सक्सेना का कहना है कि श्रावण मास में कुछ ऐसे योग बन रहे हैं, जिसकी वजह से दांपत्य जीवन में आनंद, सुख, समृद्धि आएगी, वहीं जिन लोगों का विवाह नहीं हुआ है या किसी वजह से नहीं हो पा रहा है, उनके लिए विवाह के योग बनेंगे.
सावन में पंचमहापुरुष योग में से एक हंसराज योग बनेगा, बुधादित्य राजयोग होगा, वहीं बृहस्पति देव अपनी उच्च राशि कर्क में विराजमान होंगे, जो गृहस्थ जीवन में सुख प्रदान करने और विवाह में आने वाली बाधाओं को दूर करेंगे. उनकी शुभ कृपा से वृश्चिक, मीन, मकर और मिथुन राशिवालों के लिए विवाह के योग बनेंगे.
विवाह योग देखने के लिए हर व्यक्ति की कुंडली अलग से देखनी होती है, लेकिन इन 4 राशियों के लिए समय अनुकूल है. ये प्रयास करेंगे तो शादी की बात पक्की हो सकती है.
विवाह योग देखने के लिए हर व्यक्ति की कुंडली अलग से देखनी होती है, लेकिन इन 4 राशियों के लिए समय अनुकूल है. ये प्रयास करेंगे तो शादी की बात पक्की हो सकती है.
सावन में विवाह के योग कैसे बनते हैं?
ज्योतिषाचार्य सक्सेना के अनुसार, जिन लोगों की कुंडली में विवाह के कारक ग्रह गुरु और शुक्र कमजोर हैं तो उन लोगों को इस समय का लाभ उठाना चाहिए. इन लोगों को सावन के प्रत्येक मंगलवार को माता गौरी को खीर का भोग लगाना चाहिए और बालिकाओं को हरी और पीली चूड़ियां दान करनी चाहिए. इससे शुक्र और गुरु के दोष दूर होंगे और जल्द विवाह के योग बनेंगे. इसके अलावा सावन सोमवार के व्रत भी कर सकते हैं.
सुखी वैवाहिक जीवन के उपाय
जिन लोगों के दांपत्य जीवन में समस्याएं हैं, उन लोगों को सावन के हर मंगलवार को माता गौरी और शिव जी की पूजा विधिपूर्वक करनी चाहिए. वहीं सावन में प्रत्येक दिन भगवान शिव का पंचामृत से अभिषेक करना चाहिए.
(Disclaimer): इस लेख में दी गई जानकारी केवल सामान्य सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। यहां दी गई ज्योतिष, वास्तु या धार्मिक जानकारी मान्यताओं और विभिन्न स्रोतों पर आधारित है। किसी भी उपाय, सलाह या विधि को अपनाने से पहले संबंधित क्षेत्र के प्रमाणित विशेषज्ञ या विद्वान से परामर्श अवश्य लें।

