रायपुर। होम्योपैथिक डेवलपमेंट एसोसिएशन के लीगल एडवाइजर डॉ डीसी प्रजापति द्वारा बिलासपुर छत्तीसगढ़ सीएमएचओ को लीगल नोटिस जारी किया गया है, जिसमें डॉ डीसी प्रजापति ने सीएमएचओ से अपील की है कि वह होम्योपैथी चिकित्सा पद्धति पर लगाए गए आरोपों के पुख्ता सबूत 10 दिन में जारी करें अन्यथा उन पर कानूनी कार्यवाही की जायेगी।

एचडीए अध्यक्ष डॉक्टर दीपक मीणा ने बताया कि बिलासपुर में 8 मरीजों की कच्ची शराब, महुआ पीने से मौत हो गई थी। अनौपचारिक तौर पर पता चला कि उपरोक्त मरीज किसी मेडिकल स्टोर से होम्योपैथी की कफ सिरप का भी सेवन कर रहे थे, किंतु बिलासपुर सीएमएचओ ने सारा आरोप होम्योपैथिक दवाई के ऊपर मढ़ दिया जिससे सभी होम्योपैथिक चिकित्सकों में रोष व्याप्त है। उपरोक्त दवाई के संदर्भ में ना तो कोई अधिकारी पुष्टि हो पाई और ना ही किसी डॉक्टर के द्वारा लिखे गये पर्चे का प्रमाण मिला। किन्तु सीएमएचओ ने पब्लिसिटी बटोरने के लिए सीधा आरोप होम्योपैथी चिकित्सा पर लगाकर उसे समाचार पत्रों में प्रकाशित करवा दिया। गौरतलब है कि होम्योपैथी दवाइयों 200 वर्षों से भी अधिक समय से चलन में है, किंतु अभी तक इस प्रकार के किसी भी दुष्प्रभाव को नहीं देखा गया है।