रायपुर। छत्तीसगढ़ में ढाई-ढाई साल वाले फार्मूले को लेकर समय-समय पर सियासत गरमाती रही है। विपक्षी दल के सदस्यगण भी इसको लेकर समय-समय पर तंज कसते रहते हैं। अब फिर ढाई साल वाले फार्मूले के सवाल पर इस बार मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बड़ी बेबाकी के साथ अपनी बातें कही है। भूपेश का कहना है कि आलाकमान ने जिम्मेदारी सौंपी है। आलाकमान जब हटने का निर्देश देंगे, तब हट जायेंगे। भूपेश का यह भी कहना है कि यह फार्मूला गठबंधन सरकार में लागू होता है और यहां कांग्रेस की तीन चौथाई से ज्यादा बहुमत की सरकार है। आपको बता दें कि कल रविवार को श्री बघेल दिल्ली दौरे से वापस लौटने के दौरान ढाई साल वाले फार्मूले पर पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा कि जो जिम्मेदारी दी जा रही है, उसका निर्वहन किया जा रहा है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के दिल्ली में प्रियंका, वेणुगोपाल, पुनिया से मुलाकात को राजनीति के जानकार अपने-अपने नजरिये से देख रहे हैं। लेकिन इनके मन में भी यही सवाल उठ रहे होंगे कि क्या आलाकमान कहेंगे, और भूपेश देंगे इस्तीफा? भूपेश बघेल ने दिल्ली में कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी से मुलाकात करने के बाद कहा, मैं वीरभद्र सिंह जी को श्रद्धांजलि देने के लिए हिमाचल प्रदेश गया था। मार्च के अंत में कोविड महामारी की दूसरी लहर का प्रकोप शुरू होने के बाद यह दिल्ली की मेरी पहली यात्रा थी। आज मैंने प्रियंका जी और पी एल पुनिया जी के साथ दिल्ली में औपचारिक बैठक की। पुनिया जी के साथ राज्य की राजनीति एवं विभिन्न सरकारी कार्यक्रमों को लेकर चर्चा हुई। ढाई-ढाई साल वाले फार्मूले पर क्या होता है यह तो भविष्य ही बतायेगा। बहरहाल राजनीतिक विश्लेषक भी इस विषय को लेकर समय-समय पर चिंतन करते रहते हैं।
