पेंशनरों को महंगाई राहत देने में छत्तीसगढ़ सरकार की सहमति न होना मध्यप्रदेश में बाधक बना
छत्तीसगढ़ राज्य सँयुक्त पेन्शनर फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष एवं छत्तीसगढ़ राज्य कर्मचारी संघ के पूर्व प्रांताध्यक्ष वीरेन्द्र नामदेव ने आरोप लगाया है कि देश में सम्भवत: छत्तीसगढ़ ऐसा अकेला राज्य है जहां पर राज्य सेवा के अधिकारियों व कर्मचारियों और पेंशनरों को राज्य सरकार द्वारा केन्द्र के समान महंगाई भत्ता का लाभ नहीं दिया जा रहा है।हद तो यह है कि इस बारे में सरकार के नुमाइंदे विधानसभा और विधानसभा के बाहर चुप्पी साधे हुए हैं, जबकि कर्मचारी संगठनों द्वारा लगातार चर्चा,पर्चा और धरना व अन्य कई आन्दोलनात्मत तरीकों के दिनचर्या से भूपेश बघेल सरकार को जगाने का हर सम्भव प्रयास कर रहे हैं।
दिवाली के बाद होली में भी महँगाई भत्ता नहीं
जारी विज्ञप्ति में उन्होंने आगे बताया है कि देश में भारतीय जनता पार्टी समर्थित सभी राज्य सरकारें तथा कांग्रेस समर्थित सभी राज्य सरकारों ने अपने अपने राज्यों में केन्द्र द्वारा देय तिथि से अधिकारियों-कर्मचारियों व पेंशनरों को केन्द्र के समान कुल 31 प्रतिशत महँगाई भत्ता के आदेश जारी कर लाभ दे रहें है जबकि छत्तीसगढ़ राज्य में 17 प्रतिशत ही दे रहे हैं बकाया 14 प्रतिशत की किस्ते दबाए बैठे हैं। यह भी उल्लेखनीय है कि हाल ही में मध्यप्रदेश सरकार ने भी मुख्यमंत्री शिवराज सिंह के घोषणा पर केबिनेट में निर्णय के बाद केन्द्र के बराबर कुल 31 प्रतिशत महंगाई भत्ता देने के आदेश जारी कर दिया है,परन्तु मध्यप्रदेश राज्य पुनर्गठन अधिनियम 2000 की धारा 49(6) के प्रावधान के परिपालन में छत्तीसगढ़ शासन की सहमति की संवैधानिक बाध्यता के कारण मध्यप्रदेश ने भी पेंशनरों को महँगाई राहत देने के आदेश नहीं कर रहे हैं और इसके लिये छत्तीसगढ़ सरकार को जिम्मेदार बता रहे हैं । छत्तीसगढ़ में इस पर अनिर्णय की स्थिति से कर्मचारी जगत व पेंशनरों में बेचैनी है और अब दिवाली के बाद होली भी बकाया 14 प्रतिशत महँगाई भत्ता के इंतजार में महंगाई के साये में मनाने के लिये मजबूर रहेंगे।
गांघी परिवार चुप क्यों है?
कोरोना काल में केन्द्र द्वारा महंगाई भत्ता पर रोक को लेकर कांग्रेस पार्टी के पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर तीखे हमले किये जिसका कांग्रेस के बड़े नेताओं ने समर्थन किया परन्तु इसी मामले में छत्तीसगढ़ सरकार की हठधर्मिता पर राहुल गांघी, प्रियंका गांधी और कांग्रेस पार्टी की वर्तमान अध्यक्ष सोनिया गांधी, पूरा गांधी परिवार चुप क्यों है? उनकों तुरन्त इसे संज्ञान में लेकर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को निर्देशित करना चाहिए वरना आनेवाले विधानसभा चुनाव में कर्मचारी जगत और पेंशनरों की मार से हार को टालना बहुत मुश्किल होगा।
अनेक पेंशनर संघो ने केन्द्र के समान 31 प्रतिशत महंगाई राहत मांगा
जारी विज्ञप्ति में छत्तीसगढ़ राज्य सँयुक्त पेंशनर फेडरेशन के अध्यक्ष वीरेन्द्र नामदेव और फेडरेशन से जुड़े संगठन क्रमश: छत्तीसगढ़ पेन्शनर कल्याण संघ के प्रांताध्यक्ष डॉ डी पी मनहर, भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ छत्तीसगढ़ के प्रांताध्यक्ष जे पी मिश्रा, पेंशनर्स एसोसिएशन छत्तीसगढ़ के प्रांताध्यक्ष गंगाप्रसाद साहू, छत्तीसगढ़ प्रगतिशील पेंशनर्स कल्याण संघ के प्रांताध्यक्ष आर पी शर्मा, वरिष्ठ नागरिक परिसंघ के प्रांतीय संयोजक अनूप श्रीवास्तव तथा यशवन्त देवान, डॉ व्ही व्ही भसीन, सीएस पांडेय, डॉ पीआर धृतलहरे, लोचन पांडेय, डॉ वाई सी शर्मा, विद्या देवी साहू, डी के त्रिपाठी, सीएल दुबे, शरद अग्रवाल, गायत्री गोस्वामी, जेपी धुरन्धर, डॉ एसपी वैश्य, उर्मिला शुक्ला, ज्ञानचंद पारपियानी, बीडी उपाध्याय, राकेश श्री वास्तव, एन एच खान, द्रोपदी यादव, आर के नारद, पीएल सिंह, एम एन पाठक,डॉ ज्ञानेश चौबे, एस पी एस श्रीवास्तव, विष्णु तिवारी,शांति किशोर माझी ,कलावती पाण्डे,सी एल चन्द्रवंशी, इंदु तिवारी,तीरथ यादव, रमेश नन्दे, डी के पाण्डे, प्रदीप सोनी, असीमा कुंडू , आशा वैष्णव, पीएल टण्डन, रोजलिया लक?ा,एल एन साहू, अशोक जैन, अरुण दुबे,राजेश्वर राव भोसले,वन्दना दत्ता,श्रीमती बसन्त नामदेव, अनूपनाथ योगी,गिरीश उपाध्याय,जे आर सोनी, सुरेन्द्र नामदेव,अनिल शर्मा, आलोक पांडेय, व्ही एस जादौन,बी एल पटले, बी डी यादव,वीरेन्द्र थवानी, डी के पाण्डे,आनन्द भदौरिया, बी के सिन्हा, एस डी बंजारे,गुलाब राव पवार, भूषण लाल देवांगन, खेमिचन्द मिश्रा,एस के चिलमवार,बिक्रम लाल साहू, एस डी वैष्णव,हीरालाल नामदेव,अजीत गुप्ता,द्वारका सिन्हा,ओ पी भट्ट, सुभाष गायकवाड़, प्रभुदयाल पटवा, रामकुमार थवाईत, रमेश कुमार शर्मा, डी आर लांझेकर, के एन कश्यप,के के बंछोर,एस के भट्टाचार्य, मुरलीधर प्रधान, अनिल गोल्हानी, आलोक पांडे, शेषा सक्सेना, बी एल यादव, नागेन्द्र सिंह, डीके यादव आदि ने राज्य के सभी पेंशनरों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों को टीका उत्सव को तत्काल केन्द्र के समान 31 प्रतिशत महंगाई भत्ता देने की मांग किया है।

