आबकारी प्रभारी एसआई ने नगर पुलिस अधीक्षक से की शिकायत….
रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य में सत्तारूढ़ कांग्रेस पार्टी के युकां नेता लोकेश वशिष्ठ के खिलाफ शराब दुकान संचालन में अनावश्यक हस्तक्षेप करने का आरोप का आरोप आबकारी प्रभारी एसआई नीलम किरण सिंह ने लगाया है। उन्होंने इसकी लिखित शिकायत थाना में और नगर पुलिस अधीक्षक से की है। इनकी शिकायत पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस से की गई शिकायत मेें आबकारी प्रभारी एसआई नीलम किरण सिंह ने बताया कि मैं आबकारी उप निरीक्षक के पद पर वृत्त अभनपुर में कार्यरत हूं मेरे प्रभार क्षेत्र शराब दुकान देशी विदेशी मदिरा दुकान नवापारा थाना एवं अभनपुर में लोकेश वशिष्ठ कांग्रेस नेता अनावश्यक रूप से हस्तक्षेप करता है। और बोलता है कि किस स्टाफ को किस दुकान में रखना है वो मेरे अनुसार तथा मुझे फोन करके बोलता है कि देशी विदेशी मदिरा दुकान का सुपरवाइजर कमलेश जोशी एवं राकेश ढीढी को नहीं हटाने के लिए बार-बार फोन करके दबाव बना रहा था। विदेशी मदिरा दुकान मेें राकेश ढीढी सुपरवाइजर को कोरोना पॉजिटिव होने के कारण एसडीएम सर के दिशा-निर्देश अनुसार उनको होम क्वारंटाइन में करने के कारण ए टू जेड कंपनी द्वारा रायपुर से स्टाफ (सुपरवाइजर, सेल्समेन) से देशी विदेशी मदिरा दुकान अभनपुर में संचालन किया जा रहा था। जिसके वर्तमान में निम्र दुकान का सुपरवाइजर गौरव साहू को दिनांक 30 जुलाई को दोपहर में तीन चार पहिया वाहन क्रमांक सीजी 04 8800, सीजी 05 6300, सफारी दोनो सफेद रंग एवं महेंद्रा जिप्सी लाल रंग की जिसमें नंबर नहीं लिखा था, जिसमें बैठकर 15 लोग और गौरव साहू वर्तमान अभनपुर सुपरवाइजर को ढाबे में बुलाये। जैसे ही गौरव साहू ढाबा में पहुंचा तो उन लोग गौरव से बोलने लगे कि इस शराब दुकान को हम अपने ढंग से चलायेंगे, जिसको हम रखना चाहेंगे वे ही इस दुकान में काम करेगा। इसी बातचीत के दौरान गौरव साहू को बोले कि तुम इस दुकान काम कारोगे तो अपनी जान से हाथ धोना पड़ेगा। एवं अपने स्टाफ को भी समझा देना कि इस दुकान को तुम लोग नहीं रहोगे। इस दौरान गौरव साहू को मारने पीटने लगे, जिसका डॉक्टरी मुलाइजा शासकीय अस्पताल अभनपुर में किया गया। एवं थाना अभनपुर गौरव साहू द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराई है। शिकायत पत्र में आबकारी प्रभारी एसआई नीलम किरण से सिंह ने बताया कि मुझे आशंका है कि उक्त घटना में प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से लोकेश वशिष्ठ इस घटना में शामिल (हाथ)है क्योंकि उसने मुझे फोन किया था और बोला था कि सुपरवाइजर गौरव साहू द्वारा एफआईआर कराने पर मामला बहुत आगे बढ़ेगा, मुझे काम करने में परेशानी होगी। उसने मुझे इस लड़ाई के मामले को दबाने के लिए, मीडिया में नहीं जाने के लिए 30 जुलाई की देर रात फोन किया था। इस प्रकार मेरे उपर दबाव डालने एवं अपना राजनीतिक रौब दिखा रहा था। मैं उसके बात को अनदेखा कर आपके निर्देशानुसार सुपरवाइजर गौरव साहू को एफआईआर करने निर्देशित किया। एवं इसकी सूचना ए टू जेड कंपनी ने मुझे दी कि गौरव साहू के साथ वे अभनपुर थाना में एफआईआर कराया है। गौरव साहू को रात्रि में अभनपुर थाने में बयान देना था इसलिए मैं अभनपुर थाना गई। आबकारी आरक्षक राधा गिरी भी साथ थी। हम दोनों गवाहों के समक्ष गौरव साहू ने थाना प्रभारी के सामने अपना बयान दिया। फिर रात्रि करीबन साढ़े 11 बजे रायपुर वापस गई। लोकेश वशिष्ठ मुझे थाने में देखकर एफआईआर की बात सुनकर मुझे देर रात मेरे मोबाइल पर वाट्सअप मैसेज किया कि आपने जो मदद की उसका मैं हमेशा आभारी रहूंगा। बहुत-बहुत धन्यवाद लिखा था। उसके द्वारा रात्रि में इस तरह मैसेज करने से मुझे घोर आपत्ति है। इस प्रकार उसके द्वारा मुझे एवं मेरे दुकान स्टाफ एवं दुकान में अनावश्यक हस्तक्षेप करने से शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्न हो रहा है एवं भय की स्थिति बनी हुई है। भविष्य में मुझे, मेरे दुकान स्टाफ एवं आबकारी स्टाफ को आते-जाते समय अभनपुर, नवापारा, माना मेरे प्रभार क्षेत्र में किसी प्रकार की अप्रिय घटना घटती है तो उसका जिम्मेदार लोकेश वशिष्ठ रहेगा। इस परिस्थिति में काम करने में मुझे मानसिक परेशानी हो रही है एवं मेरे स्टाफ का मनोबल गिर रहा है। अत: मैं उक्त व्यक्ति के विरूद्ध पुलिस अधीक्षक एवं महिला थाने में शिकायत दर्ज करा रही हूं।
