राज्य के प्रमुख कर्मचारी नेता,भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ छत्तीसगढ़ प्रदेश के प्रांताध्यक्ष वीरेन्द्र नामदेव ने आज वित्त मंत्री ओ पी चौधरी द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य विधानसभा में प्रस्तुत बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए इस बजट को राज्य के पेंशनरों और कर्मचारियों के लिए आशाजनक बताया है और पेंशनरों को डीआर देने सहमति हेतु मध्यप्रदेश सरकार को तुरंत पत्र लिखे जाने की मांग की है।
मोदी की गारंटी के अनुसार केंद्र के समान केंद्र द्वारा देय तिथि जनवरी 24 से बकाया 3% डीए को मार्च पेड अप्रेल 25 होने से 14 माह का एरियर देने मामले में बजट में कोई प्रावधान न होने से आम कर्मचारियों, पेंशनरों और परिवार पेंशनरों को बहुत अधिक निराशा हुई है। पेंशनरों के मामले में तत्काल मध्यप्रदेश को डीआर देने तत्काल पत्र लिखने की मांग की है।
इसी तरह बकौल वित्त सचिव प्रतिवर्ष 2000 करोड़ का 23 वर्षों से नुकसान उठा रहे छत्तीसगढ़ से मध्यप्रदेश राज्य पुनर्गठन अधिनियम 2000 की धारा 49 को विलोपित करने बारे में भी चुप्पी साधे रहने से सभी पेंशनर व्यथित हुए है। भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ के प्रमुख पदाधिकारी क्रमशः श्रीमती द्रौपदी यादव, बी के वर्मा, पूरन सिंह पटेल, आर एन ताटी, अनिल गोलहानी, जे पी मिश्रा, टी पी सिंह, बी एस दसमेर, अनिल पाठक, आर जी बोहरे आदि ने बजट में कर्मचारी जगत के लिए महंगाई भत्ता 3% प्रतिशत बढ़ाने पर आभार जताते हुए 14 महीने का एरियर हजम किए जाने पर नाखुशी जाहिर किया है।














