साउथ के सुपरस्टार थलपति विजय की मोस्ट अवेटेड फिल्म ‘जन नायकन’ की रिलीज को लेकर कानूनी पेंच और उलझता जा रहा है. गुरुवार को भारत के सुप्रीम कोर्ट ने फिल्म के प्रोड्यूसर्स की याचिका पर सुनवाई करने से साफ इनकार कर दिया. दालत ने मेकर्स को निर्देश दिया है कि वे इस मामले को लेकर हाई कोर्ट की डिवीजन बेंच के पास जाएं. साथ ही, सुप्रीम कोर्ट ने हाई कोर्ट को यह निर्देश भी दिया कि इस याचिका पर 20 जनवरी 2026 को सुनवाई की जाए.
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, ‘जन नायकन’ को सेंसर बोर्ड (CBFC) से सर्टिफिकेट मिलने में काफी समय से समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है. इस हफ्ते की शुरुआत में मद्रास हाई कोर्ट के एक सिंगल जज ने फिल्म को क्लीयरेंस देने का आदेश दिया था, लेकिन बाद में उस आदेश पर रोक लगा दी गई.
फिल्म के मेकर्स का छलका दर्द
इस कानूनी लड़ाई और फिल्म में हो रही देरी से पूरी टीम काफी हताश है. फिल्म के प्रोड्यूसर वेंकट के. नारायण ने सोशल मीडिया पर एक भावुक वीडियो साझा करते हुए कहा, ‘यह उन सभी लोगों के लिए बहुत मुश्किल समय है जिन्होंने इस फिल्म में अपनी मेहनत और आत्मा लगा दी है.’ उन्होंने आगे कहा कि थलपति विजय एक ऐसी विदाई के हकदार हैं जो उन्होंने दशकों की मेहनत और फैंस के प्यार से कमाई है.














