देश की राजधानी में कानून का पालन कराने वाली खाकी खुद उपद्रवियों के निशाने पर आ गई है। जंतर-मंतर के पास टॉल्स्टॉय मार्ग और संसद मार्ग जंक्शन पर अपनी रात की ड्यूटी पर जा रहे दिल्ली पुलिस के इंस्पेक्टर नंद किशोर सिंह पर हजारों की बेकाबू भीड़ ने अचानक जानलेवा हमला कर दिया। भीड़ में शामिल अराजक तत्वों ने पुलिस अधिकारी को घेरकर लाठी-डंडों, पत्थरों और नुकीले हथियारों से बुरी तरह पीटा। किसी तरह जान बचाकर भागे इंस्पेक्टर का अस्पताल में इलाज चल रहा है।
‘मुझे लगा छात्र हैं, लेकिन वे हमलावर निकले’
पीड़ित इंस्पेक्टर नंद किशोर सिंह ने आपबीती सुनाते हुए बताया कि वह हनुमान मंदिर के पास अपनी बाइक पार्क करके जंतर-मंतर स्थित अपने कार्यालय की ओर पैदल जा रहे थे। टॉल्स्टॉय मार्ग से संसद मार्ग जंक्शन की ओर मुड़ते ही वहां करीब 4,000 से 5,000 लोगों का हुजूम जमा था, जो पुलिस और सरकार विरोधी उग्र नारेबाजी कर रहा था।
“मुझे लगा कि वे प्रदर्शनकारी छात्र हैं, इसलिए मैं शांति से अपनी ड्यूटी के लिए आगे बढ़ता रहा। लेकिन तभी करीब 100 से 150 लोगों का गुट मेरी तरफ लपका। मैं वर्दी में था, फिर भी उन्होंने बिना कुछ सोचे-समझे मुझ पर पत्थरों, लाठियों और धारदार चीजों से हमला बोल दिया। किसी तरह गिरते-पड़ते मैंने वहां से निकलकर अपनी जान बचाई।” – नंद किशोर सिंह, घायल इंस्पेक्टर



















