छत्तीसगढ़ में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय नजर आ रहा है। प्रदेश के कई हिस्सों में पिछले कुछ दिनों से लगातार बारिश हो रही है। मौसम विभाग ने आज भी कई जिलों में बारिश और वज्रपात की संभावना जताई है। खासतौर पर उत्तर छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के मुताबिक, प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना है। बारिश के साथ कई इलाकों में गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने का खतरा भी बना हुआ है।
इन 11 जिलों में येलो अलर्ट
मौसम विभाग ने छत्तीसगढ़ के 11 जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। इनमें महासमुंद, जशपुर, सरगुजा, बलरामपुर, रायगढ़, नारायणपुर, कोंडागांव, बीजापुर, बस्तर, दंतेवाड़ा और सुकमा शामिल हैं। इन इलाकों में भारी बारिश के साथ वज्रपात की आशंका को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
प्रदेश में अब तक सामान्य के करीब बारिश
छत्तीसगढ़ में इस मानसून सीजन में कुल मिलाकर बारिश की स्थिति सामान्य के आसपास बनी हुई है। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के राज्यस्तरीय आंकड़ों के मुताबिक, 1 जून से 7 अगस्त 2026 तक प्रदेश में औसतन 606.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। इस अवधि में सामान्य औसत बारिश 612.8 मिलीमीटर है। यानी प्रदेश में अब तक सामान्य की करीब 99 प्रतिशत बारिश हो चुकी है। 7 अगस्त को प्रदेश में औसतन 10.9 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई।
सारंगढ़-बिलाईगढ़ में सबसे ज्यादा बारिश
जिलेवार आंकड़ों पर नजर डालें तो सारंगढ़-बिलाईगढ़ में इस साल अब तक सबसे ज्यादा बारिश हुई है। यहां 872.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य औसत का 187.8 प्रतिशत है। इसके विपरीत सरगुजा में बारिश सबसे कम रही है। यहां अब तक 304.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई है, जो सामान्य औसत का सिर्फ 65.6 प्रतिशत है।
लोगों को सतर्क रहने की सलाह
मौसम विभाग ने बारिश और वज्रपात की संभावना को देखते हुए लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। तेज बारिश के दौरान खुले मैदान, पेड़ के नीचे और जलभराव वाले इलाकों में जाने से बचें। मौसम की स्थिति को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग के अलर्ट पर नजर बनाए रखें।



















