अहमदाबाद/कच्छ: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात में भारतीय जनता युवा मोर्चा (BJYM) के कार्यकर्ता के निधन पर गहरा शोक जताया है। पीएम मोदी ने शोक संदेश प्रेषित करने के बाद 29 साल के व्रजेश पावागढ़ी के पिता से बात की। पीएम मोदी की बातचीत का यह ऑडियो वायरल हो गया है। व्रजेश पहले अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) से जुड़े थे और बाद में उन्होंने BJYM की कच्छ जिला इकाई के सचिव के रूप में काम किया। वे वडनगर से वाराणसी तक ‘सेवा संकल्प यात्रा’ में शामिल थे। इस दौरान तबियत बिगड़ने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया था। पिता से बातचीत में पीएम मोदी ने कहा उन्होंने पूरी कोशिश बचाने के लिए लेकिन ऐसा नहीं हो पाया। बीजेपी युवा के मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभी डॉ. हेमांग जोशी हैं। वह वडोदरा के सांसद हैं।
पीएम मोदी ने पिता से फोन पर की बात
पीएम मोदी ने व्रजेश पावागढ़ी के पिता महेश से फोन पर बात की। उन्होंने कहा कि आपका पूरा परिवार संघ का है। मुझे दुख है कि हम व्रजेश को नहीं बचा पाए। उन्होंने व्रजेश की तारीफ करते हुए एक सहासिक और समर्पित कार्यकर्ता बताया। पिता ने जवाब में कहा कि वह आपके नेतृत्व में देश के लिए कुछ करना चाहता है। वह बहुत मेहनत से काम कर रहा था। पीएम मोदी ने कहा कि उन्हें पता है। अंत में उन्होंने जय श्री कृष्णा (गुजरात में अभिवादन के तौर) कहकर आत्म की शांति के लिए प्रार्थना किया। पीएम नरेंद्र मोदी के जन्मदिन 17 सितंबर पर ही वडनगर से वाराणसी के लिए सेवा संकल्प यात्रा निकली थी। वाराणसी के लिए रवाना हुए युवा कार्यकर्ताओं में व्रजेश पावागढ़ी भी शामिल थे।
किस बीमारी में BJYM कार्यकर्ता की मौत
व्रजेश वडनगर से वाराणसी तक ‘सेवा संकल्प यात्रा’ में शामिल थे। कुछ दिनों की यात्रा के बाद उन्हें बुखार आ गया। मध्य प्रदेश के विदिशा में उनकी हालत बिगड़ गई थी। बीमारी उनके मस्तिष्क तक फैल गई, जिससे उन्हें मेनिन्जाइटिस या एन्सेफलाइटिस हो गया। व्रजेश को अहमदाबाद के अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां वे 10 दिनों तक इंटेंसिव केयर यूनिट (आईसीयू) में रहे और निधन से पहले कोमा में चले गए थे।
हेल्थ अपडेट ले रहा था पीएमओ
पीएमओ लगातार उनके स्वास्थ्य के बारे में अपडेट ले रहा था, जबकि अस्पताल में भर्ती रहने के दौरान गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने कई बार उनसे मुलाकात की थी। व्रजेश के निधन पर पीएम मोदी ने खुद बात की। पीएम मोदी का ऑडियो सामने आने के बाद उनके उनके पार्टी के जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं और उनके परिवारों तक पहुंच की चर्चा हो रही है।



















