कोलकाता: पश्चिम बंगाल और झारखंड में मोस्ट वांटेड दो माओवादियों ने शुक्रवार को आत्मसमर्पण कर दिया है। माओवादी नेता किशनजी के करीबी सहयोगी मंगल और उनकी पत्नी मालती ने कोलकाता पुलिस मुख्यालय लालबाजार में आत्मसमर्पण किया। माओवादी संगठन से जुड़े इस दंपती ने अपने हथियारों के साथ पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। उनके आत्मसमर्पण के बाद कोलकाता पुलिस आयुक्त अजय नंदा ने पश्चिम बंगाल को पूरी तरह से माओवादी मुक्त घोषित कर दिया। मंगल के पास से एक AK-47 राइफल और गोला-बारूद बरामद हुआ, जबकि मालती के पास से एक इंसास राइफल जब्त की गई।
कोलकाता पुलिस कमिश्नर अजय नंदा ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि आज मंगल और मालती नाम के दो माओवादी सदस्यों ने आत्मसमर्पण किया है। 2011-2012 के आसपास झारखंड जाने से पहले वे पश्चिम बंगाल दस्ते का हिस्सा थे। उन्होंने कुछ समय डलमा इलाके में और बाद में सारंडा में बिताया। अब उन्होंने हमारे सामने आत्मसमर्पण कर दिया है।
कौन हैं मंगल और मालती?
शुक्रवार को झारखंड दस्ते के दो माओवादी सदस्य मंगल और उनकी पत्नी मालती कोलकाता पहुंचे और अपने हथियारों के साथ पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। मंगल के पास से एक AK-47 राइफल और गोला-बारूद और मालती के पास से एक इंसास राइफल बरामद की गई। मंगल कभी माओवादी नेता किशनजी का करीबी सहयोगी था और बाद में उसने एक अन्य माओवादी नेता आकाश के अंगरक्षक (बॉडीगार्ड) के रूप में काम किया। उसके सिर पर 5 लाख रुपये का इनाम रखा गया था। वहीं मालती के बारे में जानकारी देने पर 2 लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
कोलकाता आएगी झारखंड पुलिस
कोलकाता पुलिस कमिश्नर ने बताया कि झारखंड पुलिस इन दोनों माओवादियों से पूछताछ करने के लिए कोलकाता आएगी। सूत्रों के अनुसार, मंगल पश्चिम मेदिनीपुर के शालबोनी का रहने वाला है। मंगल 2010 में माओवादी दस्ते में शामिल हुआ था। जब ‘जनसाधारण समिति’ (पीपल्स कमिटी) सक्रिय थी। वह किशनजी का बहुत करीबी था और बाद में उसने एक अन्य माओवादी नेता आकाश के साथ उसके बॉडीगार्ड के रूप में काम किया। मंगल इस दस्ते का एक अहम सदस्य था।
बीजेपी कार्यकर्ता की हत्या का आरोपी
कोलकाता पुलिस कमिश्नर ने बताया कि मालदा में एक बीजेपी कार्यकर्ता की हत्या करने के मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। मालती झारग्राम के गोपीबल्लभपुर की रहने वाली है। सारंडा जाने से पहले वह रंजन मुंडा के दस्ते का हिस्सा थी। फरवरी 2016 के बाद सारंडा में हालात बिगड़ने पर उन्होंने आत्मसमर्पण करने का फैसला किया।
13 माओवादी सदस्य अब तक अरेस्ट या सरेंडर
कोलकाता पुलिस कमिश्नर अजय नंदा ने बताया कि पश्चिम बंगाल के इस संगठन के 13 सदस्य थे, जिन्हें अलग-अलग जगहों से या तो गिरफ्तार किया गया या उन्होंने आत्मसमर्पण कर दिया। उन्होंने कहा कि कुछ समय पहले, झारखंड में रबी, मदन और मीरा को गिरफ्तार किया गया था। अनीता ने आत्मसमर्पण कर दिया और आकाश को कोलकाता में गिरफ्तार किया गया। कुछ महीने पहले पुष्पा ने आत्मसमर्पण किया। बांकुरा में सचिन, जाबा और मीता ने आत्मसमर्पण किया। साथ ही मढ़ाई पात्रा ने भी सरेंडर किया। बेला पात्रा को कोलकाता में गिरफ्तार किया गया। वहीं आज दो और लोगों ने यहां आत्मसमर्पण किया है।



















