लंदन की एक महिला के गले में सालों से दर्द था. लेकिन डॉक्टरों ने यह कहकर टाल दिया कि उसका दर्द सामान्य है. लेकिन जब दोस्तों ने गले में एक बड़ा गांठ देखा, तो भयानक सच्चाई सामने आई, जिसने महिला के पैरों तले से जमीन खिसका दी.
अक्सर हम अपने शरीर में होने वाले छोटे-मोटे दर्द को मामूली समझकर नजरअंदाज कर देते हैं. इतना ही नहीं, कभी-कभी डॉक्टर भी इसे गंभीरता से नहीं लेते. लेकिन यही लापरवाही कब एक जानलेवा बीमारी का रूप ले ले, इसका अंदाजा लगाना मुश्किल है. लंदन की रहने वाली 26 वर्षीय हैना शेरिडन (Hannah Sheridan) के साथ जो हुआ, वह किसी भी इंसान को डराने के लिए काफी है. जिस दर्द को डॉक्टर सालों तक ‘नॉर्मल’ बताते रहे, वह असल में शरीर के भीतर धीरे-धीरे फैल रहा कैंसर था. आज हैना अपनी जिंदगी बचाने के लिए एक बड़ी जंग लड़ रही हैं. अब आप सोच रहे होंगे कि जिस खतरनाक कैंसर के लक्षण को डॉक्टर्स भी नहीं देख पाए, उसके बारे में हैना को कैसे पता चला? ऐसे में बता दें कि हैना के दोस्तों ने उनके गले में बड़े से गांठ को देखा, जिसके बाद जांच में कैंसर का खुलासा हुआ.
बता दें कि एक दिन हैना अपने दोस्तों के साथ पब में बैठकर पार्टी कर रही थीं. इस दौरान बातों ही बातों में अचानक उनके दोस्तों की नजर हैना के गले पर पड़ी, जहां एक बड़ा सा गांठ उभरा हुआ नजर आया. दोस्तों के टोकने पर हैना सन्न रह गईं. जिसे वह सालों से मामूली गर्दन का दर्द समझ रही थीं, वह असल में थायराइड कैंसर था. हैना ने बताया कि वह पिछले कई सालों से हार्मोनल समस्याओं और पेट के दर्द से जूझ रही थीं. वह जब भी डॉक्टर के पास जातीं, उन्हें यह कहकर वापस भेज दिया जाता कि उनकी मांसपेशियों में तनाव है या यह केवल पीसीओएस (PCOS) के लक्षण हैं. हैना को अक्सर गर्दन के पिछले हिस्से में दर्द महसूस होता था, लेकिन हर बार डॉक्टर ने इसे गंभीरता से नहीं लिया. हैना कहती हैं, “मुझे अंदर से हमेशा लगता था कि कुछ बहुत बुरा हो रहा है, लेकिन मेरी तकलीफ को कभी सुना ही नहीं गया.”
इसके बाद मई 2025 में जब गांठ बहुत ज्यादा बढ़ गई, तब जाकर उन्हें कैंसर वाले मरीजों की लिस्ट में डाला गया. बायोप्सी और अल्ट्रासाउंड के बाद डॉक्टरों ने पुष्टि की कि उन्हें ‘पैपिलरी थायराइड कैंसर’ है. यह खबर सुनते ही हैना के पैरों तले जमीन खिसक गई. जून 2025 को उनके थायराइड का एक हिस्सा सर्जरी के जरिए निकाल दिया गया. उस समय उन्हें लगा कि शायद अब सब ठीक हो जाएगा, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था. अगस्त में जब वह छुट्टियों पर थीं, तब उन्हें अस्पताल से एक फोन आया, जिसने उनकी खुशियां छीन लीं. ट्यूमर फिर से बढ़ गया था और कैंसर शरीर में फैलने लगा था. अब स्थिति यह है कि हैना को अपना पूरा थायराइड निकलवाना होगा और यदि कैंसर ज्यादा आक्रामक हुआ, तो उन्हें कठिन रेडियोथेरेपी से भी गुजरना पड़ सकता है. अब हैना को जीवन भर हार्मोन की दवाओं पर निर्भर रहना होगा.














