देहरादून: उत्तराखंड की प्रतिष्ठित चार धाम यात्रा के अधिक समय तक चलने का अनुमान है। दरअसल, इस बार पहले ही चार धाम यात्रा शुरू हो जाएगा। दरअसल, वर्ष 2025 में चार धाम यात्रा की शुरुआत 30 अप्रैल को हुई थी। वहीं, इस बार चार धाम यात्रा की शुरुआत 19 अप्रैल को होगी। चार धाम यात्रा को लेकर उत्तराखंड सरकार और प्रशासन की ओर से तैयारियों को शुरू कराया जा रहा है। पर्यटन विभाग की तैयारियां शुरू हुई हैं। इसको लेकर पर्यटन सचिव धीराज सिंह गर्व्याल ने कहा कि चारधाम यात्रा की तैयारियों को तेजी से पूरा कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जाएगा। पंजीकरण से लेकर दर्शन की व्यवस्था पूरी तरह अपडेट रखी जाएगी।
श्रद्धालुओं को होगा लाभ
दरअसल, चार धाम यात्रा की शुरुआत अक्षय तृतीया के मौके पर होती है। इस वर्ष अक्षय तृतीया पर्व 19 जनवरी को है। बसंत पंचमी के मौके पर चार धाम यात्रा की शुरुआत को लेकर बड़ी घोषणा होगी। रीति-रिवाज के साथ धामों के कपाट खोले जाने को लेकर समय-तिथि आदि की घोषणा होगी। हालांकि, यह तय है कि 19 अप्रैल से चार धाम यात्रा शुरू होगी। इससे इस बार चारधाम यात्रा अधिक समय तक चलेगी। चार धाम यात्रा इस बार 11 दिन पहले शुरू होने से श्रद्धालुओं को दर्शन के लिए अधिक समय मिल सकेगा। अधिक संख्या में श्रद्धालु आएंगे तो क्षेत्र में कारोबार भी बढ़ेगा। अक्षय तृतीया पर सबसे पहले गंगोत्री, यमुनोत्री धाम के कपाट खुलने की परंपरा रही है।
पिछली बार प्रभावित हुई थी यात्रा
वर्ष 2025 में चारधाम यात्रा कई वजहों से प्रभावित रही थी। पहले भारत-पाकिस्तान के बीच बनी युद्ध जैसी स्थिति के कारण चार धाम यात्रा बाधित हुई। सीमा पर शांति के बाद आपदा के कारण यात्रा में बाधा आई। धराली और थराली आपदा के कारण श्रद्धालुओं की भीड़ धामों तक नहीं पहुंच पाई। कई बार भारी बारिश के कारण यात्रा को स्थगित करना पड़ा। इस बार जल्द यात्रा शुरू होने से कारोबार के बढ़ने की उम्मीद की जा रही है।
चार धाम यात्रा को लेकर इस बार प्रशासनिक तैयारियों को पहले ही शुरू किया गया है। गढ़वाल कमिश्नर विनय शंकर पांडेय ने ऋषिकेश में चार धाम यात्र तैयारियों की समीक्षा की है। मुख्य सचिव के स्तर पर भी जल्द ही यात्रा तैयारियों की समीक्षा होगी। इसमें तैयारियों को पूरी कराने पर निर्णय लिया जाएगा।














