नई दिल्ली: वियतनाम के राष्ट्रपति तो लाम इन दिनों भारत के दौरे पर हैं। उनके इस दौरे को देशों के द्विपक्षीय संबंधों में गति देने वाला माना जा रहा है। भारत और वियतनाम अपनी व्यापक रणनीतिक साझेदारी के तहत सहयोग को और गहरा करने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। दोनों देशों के बीच 13 डील हुई हैं। इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साझा प्रेस कांफ्रेंस में बताया है कि आखिर किन-किन क्षेत्रों में भारत और वियतनाम मिलकर आगे बढ़ रहे हैं।
प्राचीन मंदिरों की ली जिम्मेदारी
पीएम मोदी ने बताया कि हमारी साझा विरासत को जीवंत रखने के लिए, हम वियतनाम के प्राचीन चम्पा सभ्यता के मी सॉन और न्हान टवर मंदिरों का पुनर्निमाण कर रहे हैं। अब हम चम्पा सभ्यता की मनुस्क्रिप्ट को भी डिजिटलाइज करेंगे, और इस अमूल्य धरोहर को आने वाली पीढ़ियों के लिए संरक्षित करेंगे।
वियतनाम की 15% आबादी ने क्या देखा, जानें
प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि भारत और वियतनाम की साझेदारी में, विरासत और विकास-दोनों का महत्व है। पिछले साल जब भारत से बौद्ध अवशेष वियतनाम गए, तो उनके दर्शन, डेढ़ करोड़ से अधिक, यानि पूरे वियतनाम की जनसंख्या के 15% लोगों ने किया था।
क्या-क्या एक्सपोर्ट करने जा रहा है भारत
पीएम ने आगे कहा कि हमारी ड्रग अथॉरिटी के बीच MOU से अब भारत की दवाइयों का वियतनाम में एक्सेस बढ़ेगा। भारत के एग्रीकल्चर, फिशरीज और एनिमल प्रोडक्ट्स का भी, वियतनाम तक एक्सपोर्ट और सुगम होने जा रहा है। फाइनेंशियल सर्विस को भी बूस्ट करने के लिए, आज हमने अपने सेंट्रल बैंक्स के बीच सहयोग बढ़ाने का निर्णय किया है। भारत के UPI और वियतनाम के फास्ट पेमेंट सिस्टम भी जल्द ही लिंक होने जा रहे हैं।
आसियान से संबंध बेहतर करने में मदद
भारत की पॉलिसी के बारे में बताते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि वियतनाम भारत की एक्ट ईस्ट पॉलिसी और विजन महासागर का एक मुख्य स्तंभ है। इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में भी हमारा कॉमन आउटलुक है। हम अपनी सुदृढ़ होती हुई रक्षा और सुरक्षा सहयोग से रूल ऑफ लॉ शांति, स्थिरता और समृद्धि के प्रति योगदान देते रहेंगे। वियतनाम के सहयोग से भारत, आसियान के साथ अपने संबंधों को भी और व्यापक बनाएगा। पहलगाम आतंकी हमले की कड़ी निंदा करने और आतंकवाद के विरुद्ध हमारे संघर्ष में साथ खड़े रहने के लिए हम वियतनाम के आभारी हैं।
इन 13 MoU किए गए हस्ताक्षर
- IREL (इंडिया) लिमिटेड और वियतनाम के इंस्टीट्यूट फॉर टेक्नोलॉजी ऑफ रेडियोएक्टिव एंड रेयर एलिमेंट्स (ITRRE) के बीच आपसी सहयोग।
- भारत के संस्कृति मंत्रालय और वियतनाम के संस्कृति, खेल और पर्यटन मंत्रालय के बीच 2026-30 के लिए सांस्कृतिक आदान-प्रदान।
- भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) और वियतनाम के स्टेट बैंक (SBV) के बीच भुगतान प्रणालियों और डिजिटल भुगतान में नवाचार के क्षेत्र में सहयोग।
- भारत के स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के तहत केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (CDSCO) और वियतनाम के स्वास्थ्य मंत्रालय के तहत औषधि प्रशासन (DAV) के बीच चिकित्सा उत्पाद विनियमन के क्षेत्र में सहयोग।
- मुंबई के बृहन्मुंबई नगर निगम और हो ची मिन्ह सिटी पीपल्स कमेटी के बीच मित्रता और सहयोग की स्थापना पर MoU।
- ICCR और यूनिवर्सिटी ऑफ साइंस एंड एजुकेशन-द दा नांग यूनिवर्सिटी के बीच ‘ICCR चेयर ऑफ इंडिया स्टडीज’ की स्थापना।
- राजगीर के नालंदा विश्वविद्यालय और हनोई स्थित हो ची मिन्ह नेशनल एकेडमी ऑफ पॉलिटिक्स (HCMA) के बीच MoU।
- भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय और वियतनाम के विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय के बीच डिजिटल प्रौद्योगिकियों के क्षेत्र में सहयोग।
- NPCI इंटरनेशनल पेमेंट्स लिमिटेड (NIPL) और वियतनाम के नेशनल पेमेंट कॉरपोरेशन (NAPAS) के बीच MoU।
- भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) कार्यालय और वियतनाम के राज्य लेखा परीक्षा कार्यालय के बीच सार्वजनिक क्षेत्र की लेखा परीक्षा के क्षेत्र में MoU।
- भारत के पर्यटन मंत्रालय और वियतनाम के खेल, संस्कृति और पर्यटन मंत्रालय के बीच पर्यटन के क्षेत्र में सहयोग पर MoU।
- ICCR और यूनिवर्सिटी ऑफ सोशल साइंसेज एंड ह्यूमैनिटीज के बीच ‘ICCR चेयर ऑफ इंडियन स्टडीज’ की स्थापना पर MoU।
- संस्कृति मंत्रालय के ‘ज्ञान भारतम’ और वियतनाम नेशनल यूनिवर्सिटी, हो ची मिन्ह सिटी (USSH, VNUHCM) के तहत यूनिवर्सिटी ऑफ सोशल साइंसेज एंड ह्यूमैनिटीज के बीच ‘चाम पांडुलिपियों’ के डिजिटलीकरण पर MoU।



















