इंदौर में इलेक्ट्रिक वाहनों के शोरूम में आग लग गई। बिल्डिंग की ऊपरी मंजिल पर रहने वाले 6 परिवारों के 20 लोग फंस गए। पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम ने पड़ोसियों की मदद से सीढ़ियों और रस्सियों के सहारे उनको सुरक्षित निकाल लिया।
शॉर्ट सर्किट आग की वजह : दरअसल, घटना लसूड़िया इलाके की है। शुक्रवार की सुबह बिल्डिंग में आग लगी थी। उस समय लोग नींद की आगोश में थे। बिल्डिंग कॉमर्शियल और रेसीडेंशियल है। अपार्टमेंट के नीचे इलेक्ट्रिक शोरूम है और ऊपर में लोग रहते थे। आग की लपटें ऊपर तक जाने लगी थी। इसके बाद पड़ोसी लोग मदद को आगे आए।
सीढ़ियों को जोड़कर बनाया रास्ता : इसके बाद बिल्डिंग में फंसे लोगों को निकालने के लिए पड़ोसी की बिल्डिंग से सीढ़ी डालकर रास्ता बनाया गया। लोग सीढ़ियों के सहारे एक बिल्डिंग से दूसरी बिल्डिंग की छत तक गए। ऊपर में फंसे हुए सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
चीख-पुकार सुनकर पास स्थित दूसरी बहुमंजिला इमारत के रहवासी तत्काल मदद के लिए सामने आए। उन्होंने बिना समय गंवाए सीढ़ियों और मजबूत रस्सियों की व्यवस्था की। दोनों इमारतों की छतों के बीच अस्थायी रास्ता तैयार किया गया। इसके बाद फंसे हुए लोगों को एक-एक कर दूसरी इमारत की छत तक पहुंचाया गया। कुछ लोगों ने सीढ़ी का सहारा लिया जबकि कुछ को रस्सियों की मदद से सुरक्षित नीचे उतारा गया।
14 हजार लीटर पानी से बुझी आग : सूचना मिलने पर दमकल की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और करीब 14 हजार लीटर पानी की मदद से लगभग दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग लगने के कारणों का फिलहाल पता नहीं चल सका है। राहत की बात यह रही कि घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है और समय रहते की गई कार्रवाई से बड़ा हादसा टल गया।
सतर्कता से टला बड़ा हादसा
समय रहते पुलिस और फायर टीम द्वारा की गई कार्रवाई के चलते बड़ा हादसा टल गया. यदि बचाव कार्य में देरी होती, तो जनहानि की आशंका बढ़ सकती थी.
जांच जारी
फिलहाल पुलिस और फायर विभाग पूरे मामले की जांच कर रहे हैं. बिल्डिंग की सुरक्षा व्यवस्था, फायर सेफ्टी और इलेक्ट्रिकल सिस्टम की भी जांच की जा रही है. प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे ऐसे स्थानों पर फायर सेफ्टी उपायों का विशेष ध्यान रखें, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके.



















