देश के कई हिस्सों में मानसून की रफ्तार धीमी पड़ती दिख रही है। भारतीय मौसम विभाग (आइएमडी) के नाउकास्ट के अनुसार, बुधवार को देश के बड़े हिस्से में कोई मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई और अधिकांश क्षेत्र ग्रीन जोन में रहे, जिससे तत्काल बारिश की संभावना कम नजर आई। वहीं विभिन्न उपग्रहों से प्राप्त आंकड़ों ने असमान वर्षा और संभावित अल नीनो प्रभाव को लेकर चिंता बढ़ा दी है। यूरोपीय मौसम उपग्रह मेटियोसैट के चित्रों में उत्तरी बंगाल की खाड़ी के ऊपर घने बादल दिखाई दे रहे हैं, जिससे ओडिशा, पश्चिम बंगाल, झारखंड, बिहार और पूर्वोत्तर भारत में सामान्य मानसूनी गतिविधि बनी हुई है। हालांकि अरब सागर शाखा में रुकावट के संकेत मिले हैं, जिसके कारण पश्चिमी भारत में लगातार बारिश के बजाय रुक-रुक कर वर्षा हो रही है।
मानसून की प्रगति हो रही प्रभावित
अमरीकी एनओएए उपग्रहों के अनुसार इंटरट्रॉपिकल कन्वर्जेंस जोन (आइटीसीजेड) की उत्तर की ओर बढ़त कमजोर है, जिससे मानसून की प्रगति प्रभावित हो रही है। इसरो के इनसेट आंकड़ों में पूर्वी भारत में सक्रिय तूफान, जबकि मध्य प्रदेश, विदर्भ, गुजरात और राजस्थान में कम बादल दिखाई दिए हैं।
जहां कम बारिश की आशंका, वहां पहले से पूरी हो तैयारी- कृषि मंत्री
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने खरीफ 2026 की तैयारियों को लेकर अधिकारियों को पहले से सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। मंगलवार को नई दिल्ली स्थित कृषि भवन में आयोजित उच्चस्तरीय साप्ताहिक कृषि समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने देशभर में खरीफ सीजन की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में संभावित अल नीनो परिस्थितियों पर भी चर्चा हुई। कृषि मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि जिन जिलों में कम बारिश या वर्षा के असमान वितरण की आशंका है, वहां अग्रिम तैयारी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने विशेष रूप से उन जिलों पर ध्यान केंद्रित करने के निर्देश दिए, जो खरीफ 2026 के दौरान अल नीनो के प्रभाव में आ सकते हैं।
कृषि मंत्री ने जिलाधिकारियों के साथ नियमित बैठकें आयोजित करने, विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने, साप्ताहिक समीक्षा करने और जोखिम वाले क्षेत्रों की पहचान करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि संभावित चुनौतियों से निपटने के लिए जल संरक्षण, नमी प्रबंधन, अंतरफसली खेती और वैकल्पिक फसल पैटर्न को बढ़ावा दिया जाएगा, ताकि किसानों पर मौसम की अनिश्चितताओं का प्रभाव कम किया जा सके।



















