लंदन। भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने कहा है 2027 एकदिवसीय विश्व कप का मजबूत दावेदार बनने के लिए टीम को मैच के दौरान चोटिल हो रहे खिलाड़ियों की समस्या से निजात पाना होगा। लॉर्ड्स में रविवार को तीसरे और आखिरी वनडे में हार के बाद गिल ने कहा कि एक समुह के तौर पर जिसमें खिलाड़ी और भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) मेडिकल टीम शामिल है को आगे बढ़ते हुए ‘फिटनेस सुधारने’ पर ध्यान देना होगा। मूल 15 सदस्यीय टीम के कई खिलाड़ियों के चोट के कारण उपलब्ध न होने के कारण भारत लॉर्ड्स में अपनी सर्वश्रेष्ठ प्लेइंग इलेवन नहीं उतार सका। उन्होंने कहा कि चोटों के कारण भारतीय थिंक टैंक को टीम कॉम्बिनेशन बदलने पर मजबूर होना पड़ा, कई बार तो आख़िरी पलों में भी बदलाव करने पड़े।
उन्होंने कहा, “अगर आप इंग्लैंड वनडे सीरीज़ के लिए घोषित की गई हमारी पहली टीम को देखें, तो उसमें से कम से कम पांच खिलाड़ी यह मैच नहीं खेल रहे थे। अगर एक खिलाड़ी चोटिल होता है तो आप दूसरे कॉम्बिनेशन पर विचार करते हैं, दो खिलाड़ी चोटिल होते हैं तो आप किसी और कॉम्बिनेशन को आजमाते हैं, लेकिन अगर हर मैच के बाद कोई न कोई खिलाड़ी बाहर हो रहा हो, तो कहीं न कहीं हम चूक कर रहे हैं। अगर आप विश्व कप को अपना लक्ष्य मानकर चल रहे हैं जहां हमें लगातार 11 मैच खेलने हैं, और यहां हमारे खिलाड़ी दो से तीन मैचों की सीरीज़ भी पूरी नहीं कर पा रहे हैं। तो यह एक बड़ी समस्या है जहां हमारे खिलाड़ी लगातार खेलने में सक्षम नहीं हो पा रहे हैं, वे एक या दो मैच खेलते हैं, उन्हें कोई छोटी चोट लग जाती है और फिर हमें एक अलग कॉम्बिनेशन के साथ खेलने के लिए मजबूर होना पड़ता है जिसकी हमने मूल रूप से योजना भी नहीं बनाई थी।



















