नेपाल में आई बाढ़ में अब तक 1295 से अधिक लोगों की मौत हो गई। जबकि, 5 हजार से अधिक लोग लापता हैं। नेपाल में बाढ़ के बाद मरने वालों की संख्या हो गई है। चीन ने पहली बार आधिकारिक तौर पर मौतों का आंकड़ा जारी किया है। लेंडे नदी में आई बाढ़ की चपेट में आए इमिग्रेशन सेंटर से 31 शव बरामद हुए हैं। 531 लोग अभी भी लापता हैं। चीनी सरकारी न्यूज एजेंसी शिन्हुआ ने रिपोर्ट किया कि मलबे से 31 शव निकाले गए हैं। वहीं लापता 531 लोगों में कई विदेशी नागरिक, तीर्थयात्री शामिल हैं। जो घटना के समय इमिग्रेशन सेंटर पर मौजूद थे।
नेपाल से अब तक 169 भारतीय किए गए रेस्क्यू
भारतीय विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार शाम को बताया कि नेपाल से अब तक 169 भारतीय लोगों को लोगों को बचाया जा चुका है। तीन भारतीयों को रसुवा इलाके से गुरुवार को रेस्क्यू किया गया है। भारत के 275 लोग अभी भी लापता हैं। भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने नेपाल बाढ़ के बाद भारत की ओर से पहुंचाई जा रही मदद के बारे में भी जानकारी दी है। भारतीय विदेश मंत्रालय ने यह भी बताया कि भारत ने हिमालयी देश में अचानक आई भयानक बाढ़ के बाद बचाव और राहत कार्यों में मदद के लिए सात विमानों से लगभग 95 टन राहत सामग्री और 54 कर्मियों को भेजा है।
फोरेंसिक किट, बेली ब्रिज और अन्य मांगी गई सामग्री भेजने की योजना
शुक्रवार को नई दिल्ली में हर दो हफ्ते में होने वाली प्रेस ब्रीफिंग को संबोधित करते हुए विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत-नेपाल सरकार की जरूरतों के आधार पर मदद जारी रखेगा और आने वाले दिनों में अतिरिक्त फोरेंसिक किट, बेली ब्रिज और अन्य मांगी गई सामग्री भेजने की योजना है।
हम जरूरत के हिसाब से मदद जारी रखेंगे: MEA प्रवक्ता
जायसवाल ने कहा कि हम नेपाल सरकार की जरूरतों के हिसाब से मदद देते रहेंगे। आने वाले दिनों में, हम और फोरेंसिक किट, बेली ब्रिज और दूसरी चीजें भेजने की योजना बना रहे हैं जिनकी नेपाल सरकार ने मांग की है। कल, हमारे दो भारतीय विमान 21 टन राहत सामग्री लेकर काठमांडू गए थे। अब तक, हमने सात विमानों से लगभग 95 टन राहत सामग्री पहुंचाई है। राहत सामग्री के अलावा, हमने नेपाल में राहत और बचाव कार्यों में मदद के लिए 54 लोगों को भी भेजा है। इनमें 30 टनल रेस्क्यू एक्सपर्ट, 19 फोरेंसिक एक्सपर्ट और पांच सदस्यों वाली मेडिकल टीम शामिल है। हमारी बचाव और फोरेंसिक टीमें जमीन पर तैनात हैं और वे नेपाली अधिकारियों के साथ मिलकर काम कर रही हैं।
275 नागरिक अब भी लापता, 1907 किए गए रेस्क्यू
उन्होंने बताया कि अभी 275 भारतीय नागरिकों का कोई पता नहीं चल पाया है, जबकि 1,907 भारतीय नागरिक अब तक चीन से सुरक्षित नेपाल पहुंच चुके हैं। उन्होंने यह भी कहा कि चीन में आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, अभी तिब्बत स्वायत्त क्षेत्र में कोई भी भारतीय यात्री फंसा हुआ नहीं है।



















