अर्की : हिमाचल प्रदेश के सोलन जिले के उपमंडल अर्की में तेंदुओं की बढ़ती सक्रियता ने लोगों की नींद उड़ा दी है। क्षेत्र में तेंदुए दिखाई देने की लगातार मिल रही सूचनाओं के बीच रोहांज-जलाना पंचायत के बतीवां गांव में एक खौफनाक घटना सामने आई है, जहां एक तेंदुए ने मोटरसाइकिल सवार पर झपटने का प्रयास किया। गनीमत यह रही कि युवक ने सूझबूझ दिखाते हुए बाइक की रफ्तार बढ़ा दी और सुरक्षित अपनी जान बचाने में कामयाब रहा।
घर से 200 मीटर पहले हो गया तेंदुए से सामना
प्राप्त जानकारी के अनुसार बतीवां गांव निवासी प्रदीप शर्मा बीते दिन अपनी मोटरसाइकिल से अर्की से घर की ओर लौट रहे थे। जब वह घर से महज 200 मीटर पीछे बतीवां खाल के पास पहुंचे तो अचानक सड़क पर एक तेंदुआ आ गया। प्रदीप के मुताबिक तेंदुए ने उनकी मोटरसाइकिल की ओर छलांग लगा दी। खतरे को भांपते हुए उन्होंने तुरंत बाइक की गति बढ़ा दी, लेकिन तेंदुए ने हार नहीं मानी और करीब 100 मीटर तक मोटरसाइकिल के पीछे-पीछे दौड़ लगाता रहा। किसी तरह वहां से भाग निकलने पर प्रदीप की जान बची। इस घटना में उन्हें कोई शारीरिक नुक्सान नहीं पहुंचा है।
स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर ग्रामीण चिंतित
अर्की उपमंडल में तेंदुए की सक्रियता का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी क्षेत्र में अलग-अलग स्थानों पर तेंदुए से जुड़ी दो घटनाएं सामने आ चुकी हैं। लगातार हो रही इन घटनाओं से ग्रामीणों में भारी दहशत है। ग्रामीणों का कहना है कि जिस सड़क पर यह घटना हुई है, वहां सुबह से शाम तक लोगों की भारी आवाजाही रहती है। सबसे बड़ी चिंता स्कूली बच्चों को लेकर है, जो रोजाना इसी मार्ग से स्कूल आते-जाते हैं। खौफजदा ग्रामीणों ने वन विभाग से इलाके में तुरंत गश्त बढ़ाने और तेंदुए को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाने की मांग की है।
गश्त बढ़ाएगी वन विभाग की टीम
इस मामले पर वन परिक्षेत्राधिकारी अर्की अशोक कुमार ने बताया कि विभाग को बतीवां गांव में हुई घटना की सूचना मिल चुकी है। उन्होंने आश्वासन दिया कि वन विभाग की एक टीम जल्द ही मौके का निरीक्षण करेगी और तेंदुए की गतिविधियों को ट्रैक कर आवश्यक कार्रवाई अमल में लाएगी। वन विभाग ने एक विशेष एडवाइजरी जारी करते हुए स्थानीय लोगों से अपील की है कि सुबह और शाम के समय घरों से बाहर निकलते हुए विशेष सतर्कता बरतें। स्कूली बच्चों को अकेले सुनसान रास्तों से स्कूल न भेजें। तेंदुआ दिखाई देने पर उसके नजदीक जाने या उसे उकसाने का प्रयास बिल्कुल न करें। किसी भी वन्यजीव की हलचल दिखने पर तुरंत वन विभाग को सूचित करें।



















