अमलेश्वर। पाटन ब्लाक के सबसे बड़े गाँव अमलेश्वर जो कि बहुत ही जल्दी नगर पंचायत बनने की ओर अग्रसर हैं, जिसे लेकर अधिकांश ग्रामवासी अपने गांव की विकास बढ़ेगा की सपना लेकर खासे खुश हैं। लेकिन वहीं दूसरी तरफ यहाँ के शिक्षा के मंदिर हायर सेकेंडरी स्कूल में असामाजिक किस्म के शरारती लोगों के द्वारा रोज रोज स्कूल परिसर में शराब की बोतले तोडऩे, स्कूल की खिड़कियां, दरवाजे, बिजली की स्वीच बोर्ड तोडऩे, व पानी टंकी तोडऩे के साथ ही स्कूली समान, दरी, कार्पेट, व बच्चों की बेहतर पढ़ाई के लिये लगाये गये प्रोजेक्टर की चोरियाँ हो जाने से स्कूली शिक्षक व छात्र खासे परेशान हैं।


उक्त घटनाओं की जानकारी स्कूल की प्राचार्य श्रीमति नीता गुप्ता व शिक्षकों के द्वारा अमलेश्वर के तमाम जन प्रतिनिधियो व एसएमडीसी सदस्यों के साथ ही अमलेश्वर थाना मे भी लिखित मे सूचित किया जाता रहा हैं, पर उक्त घटनाओ मे किसी भी प्रकार की कोई कमी या सुधार नहीं हो पाया है। यहाँ स्कूल परिसर में सुरक्षित बाउंडरी वाल न होने व खेल परिसर चौबीस घंटे खुले होने के कारण भी उक्त घटना घटित होने का प्रमुख कारण हैं। एसएमडीसी के वरिष्ठ सदस्य हिमांशु शर्मा ने बताया कि पिछले बार एसएमडीसी सदस्यों व पालक बैठक में सरपंच नंदिनी पठारी की उपस्थिति में स्कूल परिसर की सुरक्षा के लिये स्कूल परिसर में सीसीटीवी कैमरा लगाने के साथ ही स्कूल परिसर में सुरक्षित बाउंडरी वाल करवाने का प्रस्ताव पारित हुआ है पर अभी तक उक्त दोनों कार्य नहीं हो पाया है। वही विद्यालय में बच्चों की दर्ज संख्या के आधार पर शिक्षकों की भारी कमी हैं, जीव विज्ञान व संस्कृत जैसे अनिवार्य विषय की एक भी शिक्षक नहीं हैं, वहीं शेष विषय अंग्रेजी, गणित कलासंकाय व कामर्स मे सिर्फ एक एक शिक्षक के भरोसे ही दिन कट रहे हैं। जबकि शिक्षकों की कमी की समस्याओं को अनेको बार शासन स्तर पर मांग पत्र प्रेषित किये जा चुके हैं, पर शिक्षकों की कमी पूरा नहीं हो पाया है। शासन स्तर पर शिक्षको की कमी को शिघ्र पूरी की जानी चाहिए। चूंकि स्कूल हमारे हैं, बच्चे हमारे हैं इसी भावना को लेकर सभी स्थानीय जन प्रतिनिधि, जिला पंचायत सदस्य, जनपद सदस्य व ग्राम पंचायत पदाधिकारियों को एक होकर शासन स्तर पर सामूहिक प्रयास करना होगा तभी सभी समस्याओं का समुचित निराकरण होकर हमारे विद्यालय में एक अच्छी बेहतर माहौल के साथ सुचारु रूप से हमारे बच्चों की पढ़ाई जारी हो पायेगा। जिससे वे आने वाले दिनों में सभी बच्चे अच्छे से पढ़ लिखकर अपने जीवन में उच्च मुकाम हासिल करने के साथ ही हमारे देश व समाज के लिये एक आदर्श नागरिक भी बन सके।



















