अंधविश्वास के कारण हत्याएं

रायपुर। अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति के अध्यक्ष डॉ दिनेश मिश्र ने कहा जादू टोने के संदेह में पिछले सप्ताह प्रदेश में 3 घटनाएं हुई है, जिनमें दो मामले जशपुर जिले के हैं, जिनमे से एक मामले में बांकीटोली में एक महिला भीसों बाई भगत की हत्या जादू टोना कर बीमार करने, टोनही के शक में,गोली मार कर कर दी गयी है, दूसरा मामला भी जशपुर का है जहॉ सन्ना के खूंटा टाँगर एक महिला मन प्यारी बाई नगेसिया की हत्या कुल्हाड़ी से काट कर जादू टोने के संदेह में हुई, तीसरा मामला कवर्धा के पोड़ी का है जिसमे एक महिला सोनारिन बाई पर प्राणघातक हमला उसकी बेटी ने ही किया वह अपने गर्भपात का कारण सोनारिन बाई को मानती है. तीनों ही घटनाये हृदयविदारक एवं निंदनीय हैं, और पूरे समाज के लिए शर्मनाक हैं. टोनही प्रताडऩा के इन तीनों मामलों की जानकारी हमने एकत्र की, तीनों ही मामले स्वास्थ्य से जुड़े हैं, बीमारियों के होने, लक्षण बचाव,उपचार के सम्बंध में अभी भी बहुतेरे ग्रामीणों के मन में भ्रम, और अंधविश्वास है. हम तीनों ही स्थानों पर जाकर प्रताडितों के परिजनों व अन्य ग्रामीणों से मिलेंगे इन्हें समझाइश और यथसम्भव मदद करेंगे.
डॉ. दिनेश मिश्र ने कहा मनुष्यों की बीमारियों के अलग-अलग कारण होते है, संक्रमण, बैक्टेरिया, वायरस, फंगस से होता है, कुपोषण से व्यक्ति कमजोर और बीमार होता है, दुर्घटनाओं से भी व्यक्ति बीमार हो जाता है, जादू टोने का कोई अस्तित्व नहीं है. इसलिए जादू टोने से बीमार करने की धारणा अंधविश्वास है. कोई नारी टोनही नहीं होती. सिर्फ अंधविश्वास के कारण किसी भी व्यक्ति को चोट पहुंचाना, उसकी जान लेना गलत, गैरकानूनी, आपराधिक है. सभी दोषी व्यक्तियों पर कार्यवाही हो. समिति अपने जनजागरण अभियान के अंतर्गत उक्त सभी परिजनों से मिलेगी तथा अन्य ग्रामीणों से मिलकर जनजागरण जारी रखेगी।



















