रायपुर। कृषि विज्ञान केन्द्र दंतेवाड़ा द्वारा विभिन्न अवसरों पर अतिथियों का स्वागत छिंद (पान) के पत्तियों से बने गुलदस्ते किया जाता रहा है। इसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुए इस बार छिंद के पत्तियों से राखी बनाने का अभिनव प्रयास किया गया है। इस कार्य में ग्राम झोरियाबाडम के झारा माता नंदकुरीन महिला कृषक संगठन की महिलाएं श्रीमती रामबती पोडयाम, शर्मिली नाग, राजमनी, सरस्वती पोडयाम, रिंकी बघेल, मानसी वासुदेव करती है। इनके साथ दिव्यांग अनिल भी राखी बनाने का कार्य करता है। केन्द्र वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. नारायण साहू का प्रयास है कि लोगों को ग्रीन राखी या हर्बल राखी उपलब्ध कराना। केन्द द्वारा इस समूह को संसाधन प्रदाय किया गया तथा पत्तियों को विभिन्न आकृति में फोल्ड करना बताया गया। इसी के साथ केन्द्र द्वारा सजावटी सामग्री भी प्रदाय किया गया। इस कार्य को जिला कलेक्टर दीपक सोनी को बताया गया जिससे उन्होंने आवश्यक संसाधन प्रदाय करने की बात कही एवं राखी बनाने वाले दल को प्रोत्साहित किया।

जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अश्विनी देवांगन ने रूचि दिखाकर इसके विक्रय की पहल की तथा कलेक्ट्रेट परिसर में ही स्टाल लगाने हेतु एसडीएम लिंगराज सिदार ने अनुमति प्रदान किया। छिंद के पत्तियों से राखी बनाने हेतु नरम पत्तियों का चयन किया जाता है। तत्पश्चात उसको विभिन्न आकार दिया जाता है। से राखियां पेकिंग मटेरियल को ध्यान में रखकर तैयार किया जाता है।

वर्तमान में तैयार राखियां 30 रुपये से लेकर 50 रुपये तक की है। मांग अधिक होने के कारण स्पाट पर बनते ही बिक जाते है। उपरोक्त कार्य की कल्पना इंदिरा गांधी कृषि विवि के कुलपति डॉ. एसके पाटिल के दिशा-निर्देशन में ग्रीन राखी बनाने के पहल का परिणाम है। उनके द्वारा बार-बार यह निर्देशित किया जाता रहा है कि हमें हर्बल प्रोडक्ट के तरफ बढऩा जिसके फलस्वरूप ग्रीन राखी हर्बल राखी बनाने में कामयाबी मिली है।

Advertisement Carousel
Share.

Comments are closed.

chhattisgarhrajya.com

ADDRESS : GAYTRI NAGAR, NEAR ASHIRWAD HOSPITAL, DANGANIYA, RAIPUR (CG)
 
MOBILE : +91-9826237000
EMAIL : info@chhattisgarhrajya.com
May 2026
M T W T F S S
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031