What's Hot

तमिलनाडु के रहने वाले व्यवसायी एज्जी के उमामहेश मरने से पहले अपना शोक संदेश खुद लिखा। इस शोक संदेश को पढ़कर हर कोई रो दिया। उमा महेश जीवन भर अपनी शर्तों पर जिए, उन्होंने अपनी पहचान बिना किसी धर्म वाले नागरिक के रूप में बनाई। मरने के बाद उन्होंने अपने अंग दान कर दिए ताकि किसी और को ट्रांसप्लांट किए जा सकें। बाकी शरीर मेडिकल फील्ड की दान दे दिया, जिससे रिसर्च की जा सके। 72 साल की उम्र पूरी करने से एक दिन पहले उनकी मौत हो गई। एज्जी के बचने के 10 फीसदी चांस थे। उसके बावजूद उनकी 12 घंटे तक हार्ट सर्जरी की गई। भर्ती होने से पहले उन्होंने अपने सारे पेपर वर्क पूरे किए। अपनी अंतिम इच्छाओं की लिस्ट बनाई। डॉक्टर से ऑर्गन डोनेशन की बात कही। अपने परिवार, दोस्तों और रिश्तेदारों से उनका लिखा शोक संदेश छपवाने को कहा।
जानिए क्या लिखा अपने शोक संदेश में
स्व-लिखित शोक संदेश में उन्होंने लिखा-मेरे रोमांचक जीवन का हिस्सा बनने के लिए शुक्रिया। मेरी पार्टी खत्म हो गई है और मुझे आशा है कि जो लोग मेरे पीछे छूट गए हैं, वे ज्यादा नशे में नहीं होंगे। समय सबके लिए चल रहा है। अच्छी तरह से जिएं, अपने जीवन का आनंद लें और पार्टी जारी रखें। जैसा कि जॉन लेनन ने कहा है-आपका जीवन यथार्थ हो रहा होता है जब आप अन्य योजनाएं बना रहे होते हैं। चीयर्स और हमेशा के लिए अलविदा…और कृपया, जिएं, सिर्फ उपस्थिति के लिए नहीं- एज्जी। एज्जी ने सोशल मीडिया अकाउंट में भी एक संदेश शेयर किया था। इस संदेश में उन्होंने खुद की तुलना एक विंटेज ऑटोमोबाइल से की। उन्होंने लिखा-मुझे आपको बताते हुए खेद हो रहा है कि मेरी विंटेज गाड़ी को बहाल किया जाना था। दुनिया की सबसे अच्छी मशीनों, क्राफ्ट, आधुनिक टूल्स और अनुभवियों के बावजूद दुर्भाग्य से इसे ठीक नहीं किया जा सका। सौभाग्य से कुछ पार्ट्स खराब होने से बच गए। मेरी विंटेज के ये पार्ट्स दूसरी गाडिय़ों में लगा दिए जाएं ताकि उनकी मशीनरी ठीक से काम कर सके।

Advertisement Carousel
Share.

Comments are closed.

chhattisgarhrajya.com

ADDRESS : GAYTRI NAGAR, NEAR ASHIRWAD HOSPITAL, DANGANIYA, RAIPUR (CG)
 
MOBILE : +91-9826237000
EMAIL : info@chhattisgarhrajya.com
June 2026
M T W T F S S
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930