मुंबई/पुणे: महाराष्ट्र में अजित पवार की अगुवाई वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) बीजेपी के अगुवाई वाली महायुति का हिस्सा है। अजित पवार राज्य के डिप्टी सीएम हैं लेकिन मुंबई से लेकर पिंपरी चिंचवड़ तक उनकी पार्टी बीजेपी के सामने लड़ रही है। मुंबई में नवाब मलिक और पिंपरी चिंचवड़ में एनसीपी के बीजेपी के विपक्ष होने के कारण गठबंधन नहीं हो पाया। मुंबई बीएमसी चुनावों में अजित पवार की पार्टी का बीजेपी से सीधा मुकाबला नहीं है लेकिन पिंपरी चिंचवड़ में 44 सीटों पर एनसीपी और बीजेपी आमने-सामने हैं। चुनावी मुकाबले की तस्वीर साफ होने के बाद चर्चा है कि क्या अजित पवार बीजेपी को शिकस्त दे पाएंगे? पिंपरी चिंचवड़ को अजित पवार के प्रभाव वाला क्षेत्र माना जाता है।

पिंपरी में अजित दादा की लगी प्रतिष्ठा
पिंपरी चिंचवड़ नगर निगम (PCMC) में 32 प्रभाग हैं। हर एक वार्ड से चार पार्षद चुने जाएंगे। ऐसे में कुल नगर सेवकों यानी पार्षदों की कुल संख्या 128 होती है। राजनीतिक दल हर वार्ड के लिए एक चार उम्मीदवारों का पैनल मैदान में उतारते हैं। पिंपरी-चिंचवड़ नगर निगम (PCMC) चुनावों में 44 सीटों पर बीजेपी और एनसीपी के उम्मीदवारों के बीच सीधा मुकाबला होगा। कुल मिलाकर पिंपरी चिंचवड़ के चुनाव 2026 के लिए 692 उम्मीदवार मैदान में हैं। BJP के दो उम्मीदवार, रवि लांडगे और सुप्रिया चांदगुडे, निर्विरोध चुने गए हैं। पिंपरी चिंचवड़ का चुनाव इस लिए भी अहम हो गया है क्योंकि अजित पवार ने इसी नगर निगम का जिक्र करके बीजेपी पर हमला बोला था। जिसके बाद दोनों दलों में तनाव हो गया था।

बीजेपी-एनसीपी में कैसे हुआ तनाव?
दरअसल, केंद्र में मंत्री मुरलीधर मोहोल ने अजित पवार की पार्टी एनसीपी पर अपराधियों को टिकट देने का आरोप लगाकर हमला बोला था। इसके बाद अजित पवार की प्रतिक्रिया सामने आई थी, उन्होंने यह कहा था कि आराेप तो मेरे ऊपर भी 70 हजार करोड़ के सिंचाई घोटाले के लगे थे, लेकिन अब आरोप लगाने वाले हमारे साथ गठबंधन में हैं। पवार ने यह कहा था कि जब कोई दोषी साबित न हो तब तक वह अपराधी नहीं होता है। पवार के इस बयान को बीजेपी पर पलटवार के तौर पर देखा गया था, हालांकि पवार ने चतुराई से बीजेपी का नाम नहीं लिया था। महाराष्ट्र बीजेपी के अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण ने इस मुद्दे पर पलटवार करते हुए पूछा था कि अजित पवार का यह बयान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई वाली पार्टी के लिए हैं। उन्होंने कहा था कि अगर हम बोलेंगे तो उन्हें (अजित पवार) को बहुत मुश्किल होगी। अजित पवार ने यह भी कहा था कि पिंपरी चिंचवड़ में भष्टाचार हुआ। उन्होंने कहा था कि उनके पास इसके सबूत है। इस बयान ने राजनीति और गरमा दी थी। इस पूरी बयानबाजी के बाद अब पिंपरी चिंचवड़ का चुनाव दंगल काफी हाईवोल्टेज हो गया है।

एनसीपी ने झोंकी ताकत, बीजेपी का बड़ा दावा
पिंपरी चिंचवड़ और पुणे नगर निगम में अजित पवार की अगुवाई वाली एनसीपी शरद पवार गुट के साथ मिलकर चुनाव लड़ रही है। पुणे में पवार का होल्ड माना जाता है। पुणे के गढ़ को बचाने और नगर निगमों पर वापसी के लिए राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी ने फोकस कर दिया है, तो वहीं दूसरी ओर बीजेपी पिंपरी-चिंचवड़ यूनिट के प्रेसिडेंट शत्रुघ्न काटे ने कहा कि यह सच है कि यह चुनाव मुख्य रूप से बीजेपी और एनसीी के बीच है। बीजेपी और एनसीपी के बीच सीधी टक्कर होगी। लेकिन हमें भरोसा है कि हम एनसीपी को हरा देंगे। एनसीपी पिंपरी-चिंचवड़ के नेता योगेश बहल का कहना है कि चाहे सीधी टक्कर हो या कई पार्टियों के बीच मुकाबला, हमें बीजेपी उम्मीदवारों को हराने का पूरा भरोसा है।

NCP से बीजेपी ने छीनी थी सत्ता
बीजेपी 2017 से 2022 तक पिंपरी चिंचवड़ में सत्ता में थी। 2017 के चुनावों में पार्टी ने 128 सदस्यों वाले सदन में 78 कॉर्पोरेटर जीतकर शानदार जीत हासिल की थी। इसके साथ ही बीजेपी ने एनसीपी को सत्ता से हटा दिया था। इससे पहले 25 सालों तक नगर निकाय पर एनसीपी का राज था। अब एनसीपी की कोशिश है कि बीजेपी को सत्ता से हटाकर वापसी की जाए। पिंपरी चिंचवड़ में जहां बीजेपी और एनसीपी के बीच 44 सीटों पर सीधी टक्कर है तो वहीं मुंबई में नवाब मलिक बीजेपी टेंशन बढ़ा रहे हैं। उन्होंने एनसीपी के किंगमेकर बनने का दावा किया है।

Advertisement Carousel
Share.

Comments are closed.

chhattisgarhrajya.com

ADDRESS : GAYTRI NAGAR, NEAR ASHIRWAD HOSPITAL, DANGANIYA, RAIPUR (CG)
 
MOBILE : +91-9826237000
EMAIL : info@chhattisgarhrajya.com
September 2026
M T W T F S S
 123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
282930