रायपुर। मुख्यमंत्री बघेल के द्वारा 21 जुलाई को शुरू की गई गोधन न्याय योजना गांव ही नहीं शहर के गरीब गोबर संग्राहकों के लिए खुशियां लेकर आई है। जिस गोबर को पहले यूं ही कचरे के ढेर के रूप में फेंक दिया जाता था या उसके कुछ भाग से उपले, कन्डे बना लिए जाते थे, अब उसी गोबर को बेचकर शहरी इलाके के गरीबों और पशुपालकों को अतिरिक्त रोजगार का जरिया मिल गया है। गोबर इका करके उसे दो रुपए किलो बेचकर शहरों में भी ऐसे लोग अतिरिक्त आय प्राप्त कर रहे हैं। इस योजना से शहरों में भी गोबर संग्राहकों को दो रूपए प्रति किलो की दर से गोबर बेचकर लाभ कमाने का अवसर प्राप्त हुआ है। कोरबा जिले में 11 हजार 894 गोबर संग्राहकों ने एक करोड़ 85 लाख रुपए से अधिक की राशि का मुनाफा कमाया है। जिले में स्थापित 200 गौठानों के माध्यम से गोबर खरीदी की जा रही है। जिले के ग्रामीण बढ़-चढ़कर गोबर बेचने और लाभ कमाने में भागीदार बन रहे हैं। कोरबा जिले के शहरी क्षेत्र में निवास करने वाले गोबर संग्राहक भी गोधन न्याय योजना का लाभ उठाने में पीछे नहीं है। शहरी क्षेत्र के निवासियों के लिए भी गोबर बेचकर अपनी गरीबी मिटाने और अपनी आवश्यकताओं को पूर्ण करने का भरपूर मौका मिल रहा है। शहरी क्षेत्र के गोबर संग्राहक भी नए मकान बनान,े अधिक मवेशी खरीदने तथा घरेलू जरूरत के सामान लेने की योजना को मूर्त रूप देने में लगे हुए हैं। कोरबा नगर निगम क्षेत्र अंतर्गत रहने वाली श्रीमती रमा गोबर बेचने से प्राप्त हुए रुपयों से अपना पक्का मकान बनाएगी, तो वहीं श्रीमती सुनीता इस पैसे से मवेशी खरीदेगीं। पशुपालन व्यवसाय करने वाले विजेंद्र गोस्वामी गोधन न्याय योजना से मिले पैसों से अपने व्यवसाय में वृद्धि करेंगे। झोपड़ी की जगह पक्का घर बनाएंगे- वार्ड क्र. 29 पोड़ीबहार बांसबाड़ी मोहल्ला की रहने वाली श्रीमती रमा महंत एवं उनके पति गणेशदास महंत बताते हैं कि उनके पास कुल 12 मवेशी हैं जिनमें 06 गाय तथा 06 बछडे हैं, वे प्रतिदिन लगभग 35 किलो गोबर का विक्रय पोड़ीबहार गोबर खरीदी केन्द्र में कर रहे हैं। समय पर गोबर बिक्री की राशि बैंक खाते में शासन द्वारा प्रदान की जा रही है। इससे उन्हें अतिरिक्त आय हो रही है। उन्होंने बताया कि वे अभी झोपड़ीनुमा मकान में रहते हैं किन्तु गोबर बेचने से मिल रहे रूपयों से झोपड़ी की जगह पक्का मकान बनाएंगे। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री ने हमारे लिए यह बहुत अच्छी योजना चलाई है, जिसके लिए हम उनका धन्यवाद करते हैं। मवेशी खरीदूंगी, पशुपालन व्यवसाय में करूंगी वृद्धि-नगर निगम कोरबा क्षेत्र के वार्ड क्र. 17 मानसनगर की रहने वाली श्रीमती सुनीता साहू भी प्रतिदिन केन्द्र में गोबर बेचने आती है। उन्होंने बताया कि उनके पास 4 मवेशी हैं, जिनमें 2 भैंस और 2 गाय शामिल हैं, जब से गोबर खरीदी केन्द्र खुला है, वे प्रतिदिन 20 किलो गोबर यहां पर लाकर बेचती हैं, जिससे उन्हें अतिरिक्त आय प्राप्त हो रही है, उनका कहना है कि वे इस पैसे को इका कर नए मवेशी खरीदेंगी और गोधन में वृद्धि करूंगी। सुनीता साहू कहती है कि शासन की यह बहुत अच्छी योजना है, जिसका सीधा लाभ हमें प्राप्त हो रहा है। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने हम पशुपालकों के लिए बहुत ही लाभदायक योजना बनाई हैं। गोबर बेचने से मिले पैसों से व्यवसाय को आगे बढ़ाएंगे- निगम के दर्री जोन के वार्ड क्र. 46 अयोध्यापुरी निवासी विजेन्द्र पुरी गोस्वामी बताते हैं कि उनके पास छोटे-बडे कुल मिलाकर 40 मवेशी हैं तथा वे दूध का व्यवसाय करते हैं, दर्रीखार एस.एल.आर.एम.सेंटर स्थित गोबर खरीदी केन्द्र में वे प्रतिदिन 60 से 70 किलो गोबर बेचते हैं, जिससे उन्हें अतिरिक्त आय हो रही है, गोबर बिक्री का रूपया भी समय पर मिल जा रहा है, उनका कहना है कि वे इस पैसे को इक_ा कर गाय खरीदेंगे तथा अपने व्यवसाय को और आगे बढ़ाएंगे। उन्होने योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल का आभार जताया है।

Advertisement Carousel
Share.

Comments are closed.

chhattisgarhrajya.com

ADDRESS : GAYTRI NAGAR, NEAR ASHIRWAD HOSPITAL, DANGANIYA, RAIPUR (CG)
 
MOBILE : +91-9826237000
EMAIL : info@chhattisgarhrajya.com
July 2026
M T W T F S S
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
2728293031