तिरुवनंतपुरम: केरल में कांग्रेस की सरकार के सत्ता संभालने के बाद गृह मंत्री रमेश चेन्निथला ने ‘ ऑपरेशन तूफान ‘ का ऐलान किया है। केरल को मानसून के प्रवेश द्वार के तौर देखा जाता है। नए गृह मंत्री ने राज्य में मानसून के दस्तक देने से पहले केरल पुलिस के महत्वकांक्षी ऑपरेशन को लांच किया है। केरल पुलिस ने इस तूफान नाम दिया है। केरल के गृह मंत्री रमेश चेन्निथला ने पुलिस मुख्यालय का दौरान करने के बाद ऑपरेशन तूफान का ऐलान किया है। उन्होंने एक्स पर इस ऑपरेशन की जानकारी साझा की है। इसके तहत सीमा पर सिंथेटिक ड्रग के खात्मे के लिए अभियान चलेगा।
क्यों रखा तूफान नाम?
गृह मंत्री रमेश चेन्निथला ने बताया कि इस ऑपरेशन का नाम तूफान क्यों रखा गया है। उन्होंने लिखा है कि ड्रग नेटवर्क की सफाई करना काफी नहीं है। बल्कि एक गहरे तक जमे हुए सिंडिकेट को पूरी तरह से उखाड़ फेंकने के लिए हमें ‘तूफान’ की ज़रूरत थी। केरल पुलिस पूरी निष्पक्षता के साथ इस ऑपरेशन को लागू करेगी। कोई भी राजनीतिक प्रभाव, सामाजिक रुतबा, या राज्य की सीमाए तस्करों को बचा नहीं पाएंगी। पड़ोसी राज्यों के DGP के साथ अंतर-राज्यीय प्रोटोकॉल के माध्यम से समन्वय रखा जाएगा।
ऑपरेशन तूफान में क्या होगा?
- ऑपरेशन तूफान एक नार्को हंट है। यह सिंथेटिक ड्रग नेटवर्क के खिलाफ चलेगा।
- जैसे ही 1 जून से स्कूल खुलेंगे और नया शैक्षणिक सत्र शुरू होगा। यह लागू हो जाएगा।
- स्कूलों और कैंपस को ड्रग मुक्त करने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि भविष्य सुरक्षित हो।
- ऑपरेशन तूफान एक ड्रग-मुक्त केरल और एक सुरक्षित भारत का वादा है।
1 जून से प्रभावी होगा ऑपरेशन तूफान
गृह मंत्री रमेश चेन्निथला ने लिखा है कि इसके ब्लूप्रिंट को अंतिम रूप दे दिया गया है। जैसे ही स्कूल फिर से खुलेंगे और 1 जून से नया शैक्षणिक सत्र शुरू होगा। ऑपरेशन Toofan पूरी तरह से प्रभावी हो जाएगा, ताकि सुरक्षित कैंपस और एक सुरक्षित भविष्य सुनिश्चित किया जा सके।
केरल पुलिस। कार्रवाई के लिए तैयार। केरल में सामान्य तौर पर मानसून भी 1 जून को ही आता है। पिछले कुछ सालों से यह मई के आखिरी हफ्ते में आया है। केरल में नई सरकार ने मानसून के आगमन से पहले ‘ऑपरेशन तूफान’ को ड्रग सिंडिकेट के खिलाफ लांच किया है।



















