भीलवाड़ा (राजस्थान), बिजौलिया क्षेत्र में अचानक आए तेज अंधड़ और बारिश ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियां छीन लीं। तेज हवा के कारण उखड़कर आई लोहे की एक चद्दर की चपेट में आने से एक मजदूर की दर्दनाक मौत हो गई। वहीं, इलाके में कई अन्य जगहों पर भी भारी नुकसान और लोगों के घायल होने की खबर है। यह पूरी घटना गुरुवार रात करीब 9 बजे बिजौलिया के जाबदा गांव में हुई। जानकारी के अनुसार, गुरुवार रात करीब 9 बजे इलाके में तेज आंधी के साथ मूसलाधार बारिश शुरू हुई। इसी दौरान जाबदा गांव के रहने वाले देवीलाल रैगर (45 वर्ष) अपने घर के बरामदे में पानी पीने के लिए उठे थे। जैसे ही वे मटके के पास पहुंचे और पानी पीने लगे, तभी तेज हवा के झोंके से पड़ोस में स्थित गायों के बाड़े की लोहे की चद्दर उखड़ गई। वह चद्दर हवा में उड़ती हुई बेहद तेज गति से देवीलाल की तरफ आई। चद्दर का नुकीला और धारदार हिस्सा सीधे उनके गले पर जा लगा, जिससे उनका गला बुरी तरह कट गया। घाव इतना गहरा था कि मौके पर ही भारी मात्रा में खून बहने लगा।

अस्पताल पहुंचने से पहले तोड़ा दम

हादसे के बाद घर में कोहराम मच गया। परिजन आनन-फानन में लहूलुहान देवीलाल को गंभीर हालत में बिजौलिया के सरकारी अस्पताल लेकर भागे। लेकिन वहां पहुंचने पर डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। अस्पताल के डॉक्टर अंसार खान ने बताया कि गले में गहरा घाव होने और अत्यधिक खून बह जाने के कारण पीड़ित की मौत हुई है। कानूनी कार्रवाई के लिए शव को अस्पताल की मोर्चरी (शवगृह) में रखवाया गया है।

परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

मृतक देवीलाल स्थानीय खदान क्षेत्र में मजदूरी करके अपने परिवार का पेट पालते थे। वे अपने पीछे पत्नी, दो बेटियां और एक बेटा छोड़ गए हैं। घर के इकलौते कमाने वाले मुखिया की इस तरह अचानक मौत से पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है और गांव में शोक की लहर है।

इलाके में अन्य जगहों पर भी भारी नुकसान

एक घंटे तक चले इस भीषण अंधड़ और बारिश ने पूरे बिजौलिया क्षेत्र में भारी तबाही मचाई। कई जगहों पर घरों के टीन शेड और लोहे के दरवाजे उखड़ गए, तो कई पुराने पेड़ जड़ से उखड़कर गिर गए।

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