गुजरात इस समय चांदीपुरा वायरस अपना आतंक मचा रहा है. इसके चलते महीसागर में 7 साल की बच्ची ने दम तोड़ दिया है. जिले के कडाना इलाके में संदिग्ध चांदीपुरा वायरस संक्रमण से 7 साल की बच्ची की मौत की खबर है. घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग ने एहतियाती कदम उठाते हुए अकलिया गांव में सर्वे और दवा का छिड़काव शुरू किया है.
स्वास्थ्य विभाग की टीमें गांव में घर-घर जाकर लोगों की स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी ले रही हैं और संक्रमण को लेकर जागरूकता फैला रही हैं. प्रभावित क्षेत्र में मच्छर और कीट नियंत्रण के लिए भी छिड़काव किया जा रहा है. मामले को लेकर बच्ची के परिजनों ने अपनी बात रखी. महीसागर के CDHO सी. आर. पटेलिया ने भी स्वास्थ्य विभाग की ओर से किए जा रहे उपायों की जानकारी दी.
बच्चों पर कर सकता है असर वायरस
चांदीपुरा वायरस मुख्य रूप से बच्चों को प्रभावित कर सकता है. स्वास्थ्य विभाग स्थिति पर नजर बनाए हुए है. गुजरात में 30 जून से अब तक चांदीपुरा वायरस के 225 संदिग्ध मामले सामने आए हैं. इनमें से 39 मामलों की पुष्टि लैब टेस्ट से हुई है और पुष्टि किए गए मरीजों में से 25 की मौत हो चुकी है. इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग ने सोमवार को ताजा आंकड़े जारी किए.
इस महीने की शुरुआत में राज्य की पिछली ब्रीफिंग में 184 संदिग्ध मामले बताए गए थे, जिनकी संख्या अब 41 बढ़कर 225 हो गई है, जबकि पुष्टि किए गए मामलों की संख्या 39 पर ही बनी हुई है.चांदीपुरा-पॉजिटिव मरीजों में मरने वालों की संख्या 22 से बढ़कर 25 हो गई है. 225 संदिग्ध मामलों में से 212 की लैब टेस्टिंग पूरी हो चुकी है.
इस इलाके में पता चला था पहला मामला
इस बीमारी का पता सबसे पहले पंचमहल में चला था, जहां जुलाई की शुरुआत में चांदीपुरा संक्रमण के लक्षण दिखने के बाद दो छोटे बच्चों की मौत हो गई थी. इन मौतों के बाद प्रभावित इलाकों में निगरानी, टेस्टिंग और वेक्टर-कंट्रोल (रोग फैलाने वाले कीटों पर नियंत्रण) के उपाय तेज कर दिए गए. इसके बाद पूरे राज्य में मामलों की संख्या बढ़ गई.



















