अमृतसर/रामतीर्थ रोड : अमृतसर में प्रॉपर्टी विवाद से जुड़ा एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। रामतीर्थ रोड के पास रहस्यमयी हालात में आग में गंभीर रूप से जले पलविंदर सिंह की इलाज के दौरान मौत हो गई। परिवार ने इस घटना को पुराने प्रॉपर्टी विवाद से जोड़ते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं।
मृतक के बेटे हरमनदीप सिंह ने आरोप लगाया कि उसके दादा शाम सिंह की प्रॉपर्टी को लेकर उसकी चाची सुमन बाला और चाचा प्रेम सिंह के साथ लंबे समय से विवाद चल रहा था। परिवार का दावा है कि पिछले 10-15 सालों से उन्हें मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा था और घर खाली कराने के लिए कोर्ट के ज़रिए कार्रवाई भी की जा रही थी।
हरमनदीप सिंह के मुताबिक, घटना वाले दिन उनके पिता पलविंदर सिंह घर से यह कहकर निकले थे कि वह पाठ करने जा रहे हैं। कुछ देर बाद परिवार को एक अनजान नंबर से कॉल आया कि रामतीर्थ रोड के पास पलविंदर सिंह आग में बुरी तरह जल गए हैं। परिवार के लोग उन्हें तुरंत 108 एम्बुलेंस से गुरु नानक देव अस्पताल ले गए।
परिवार के मुताबिक, अस्पताल ले जाते समय पलविंदर सिंह को होश आया और उन्होंने अपनी हालत के लिए अपनी बहन सुमन बाला और जीजा प्रेम सिंह को जिम्मेदार ठहराया। डॉक्टरों के मुताबिक, उनका शरीर करीब 70 से 80 परसेंट तक जल गया था। उनकी गंभीर हालत के कारण बाद में उन्हें भल्ला अस्पताल रेफर कर दिया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद परिवार ने छेहरटा पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई और मामले में इंसाफ की मांग की। पुलिस अधिकारी ने बताया कि परिवार की शिकायत मिल गई है। बयानों के आधार पर मृतक की बहन और जीजा के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस के मुताबिक, पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और जांच के तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस मामले की जांच कर रही है। हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि या जिम्मेदारी का आखिरी फैसला जांच और कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही हो पाएगा।



















