नई दिल्ली। दुनिया के कई देशों में बड़े पैमाने पर हिंसक और व्यापक विरोध प्रदर्शन देखने को मिल रहे हैं, जिनकी आग तेजी से फैलती जा रही है। फ्रांस से लेकर अर्जेंटीना और अल्बानिया तक सड़कों पर उतरे लोगों का असंतोष काफी हद तक एक जैसा है।
बढ़ती महंगाई, घर खरीदने व किराए की बढ़ती लागत, शिक्षा और सामाजिक सेवाओं के बजट में कटौती, घटती क्रय शक्ति और सरकारों के खिलाफ एंटी-इनकंबेंसी लहर इन जन-आंदोलनों की मुख्य वजहें बनी हुई हैं।



















