प्रयागराज के झूंसी में NEET परीक्षा की तैयारी कर रही 18 वर्षीय छात्रा ने पिता की लाइसेंसी पिस्टल से खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली. इस घटना से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. पुलिस को छात्रा के पास से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है. पुलिस ने मौके से लाइसेंसी पिस्टल, कारतूस का खोखा तथा अन्य साक्ष्य को कब्जे में लिया लिया है. मामले की जांच की जा रही है.
ये घटना झूसी थाना अंतर्गत त्रिवेणीपुरम कॉलोनी की है. जहां सोमवार को शाम को NEET की तैयारी कर रही 18 वर्षीय रितु शर्मा ने सुसाइड कर लिया. रितु के पिता देवराज गाजीपुर के रहने वाले हैं और भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) में इंजीनियर के पद पर कार्यरत थे. रिटायर होने के बाद छह सालों से वो परिवार के साथ प्रयागराज में रह रहे थे. परिवार में पत्नी और बेटी रितु के अलावा एक बेटा ऋषि भी है, जो देहरादून में बीटेक कर रहा है.
डॉक्टर बनने का सपना देख रही थी रितु
रितु अपने माता-पिता के साथ प्रयागराज में रहकर डॉक्टर बनने का सपना देख रही थी और लंबे समय से NEET परीक्षा की तैयारी कर रही थी. परिजनों ने बताया कि वो कई बार मेडिकल प्रवेश परीक्षा में शामिल हुई थी लेकिन, उसका चयन नहीं हो पाया, जिसकी वजह से वो काफी तनाव में थी और परिवार के लोगों से भी कम बात करती थी.
सोमवार शाम रितु घर की पहली मंजिल पर बने कमरे में अकेली थी. करीब साढ़े पांच बजे उसकी मां किसी काम से उसे बुलाने पहुंचीं. कई बार दरवाजा खटखटाने और आवाज लगाने के बावजूद जब अंदर से कोई जवाब नहीं मिला तो परिवार को अनहोनी की आशंका हुई. इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई.
मौके पर पहुंची पुलिस ने जब कमरे का दरवाजा खुलवाया तो रितु जमीन पर खून से लथपथ अचेत अवस्था में पड़ी मिली. उसके सिर में गोली लगी थी. पास में ही पिता की लाइसेंसी पिस्टल पड़ी हुई थी. पुलिस ने तत्काल घटनास्थल को सुरक्षित कर जांच शुरू कर दी.
पुलिस को सुसाइड नोट मिला
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसीपी अरुण पराशर और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए. पुलिस ने लाइसेंसी पिस्टल, कारतूस का खोखा और छात्रा का मोबाइल फोन कब्जे में लिया है. इसके साथ ही छात्रा के पास से सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है. पुलिस सुसाइड नोट में लिखी बातों की जांच कर रही है. हालांकि, उसकी सामग्री और उसमें लिखी बातों को लेकर आधिकारिक पुष्टि के बाद ही कुछ स्पष्ट हो सकेगा.
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. मोबाइल फोन की डिजिटल गतिविधियों और अन्य साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है. पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि आखिर किन परिस्थितियों में छात्रा ने इतना बड़ा कदम उठाया.



















