रायपुर. पौने पांच साल बाद भी सरकार के जनघोषणा पत्र के वादे संविदा कर्मचारियों का नियमितिकरण पूरा नहीं किए जाने को लेकर संविदा कर्मचारी हड़ताल में बैठे हैं। सरकार ने इनसे संवाद स्थापित करने की अपेक्षा हड़ताल को दमनपूर्वक तोड़ने सीधे एस्मा कानून लगाकर कलेक्टर को करवाई के निर्देश दिए हैं। इससे संगठन भड़क गया है, और दमनपूर्वक करवाई एस्मा के विरोध में समस्त कर्मचारी नौकरी से त्यागपत्र देने वाले हैं। कई जिलों में स्वस्थ कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री के नाम से कलेक्टर को अपना त्यागपत्र सौप भी दिया है। महासंघ के प्रांताध्यक्ष कौशलेश तिवारी ने कहा कि लोकतंत्र में सम्मानपूर्वक काम और संवैधानिक तरीके से अपनी आवाज उठाने का अधिकार है। किंतु जब शासन की योजनाओं को धरातल पर लागू करने वाले कर्मचारियों को हर साल नौकरी से निकाले जाने का भय और कार्य के दौरान प्रशासनिक प्रताड़ना का प्रति दिन सामना करना पड़ता हो तो उनकी मनःस्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है। जब वे पीड़ित कर्मचारी अपनी पीड़ा दूर करने चुनावपूर्व किए गए सरकार के वादे को पूरा करने गुहार लगाते हैं तो उनको सुनने संवाद स्थापित करने की बजाय उनकी आवाज को दमनपूर्वक दबाया जाता है। छत्तीसगढ़ में सरकारें तो बदली पर हमारे भाग्य नहीं बदले। हम आज भी स्थायित्व और सम्मान के लिए संघर्ष कर रहे हैं। कार्यकारी अध्यक्ष हेमंत सिन्हा का कहना है कि इतिहास में यह काला दिन होगा। हमने सुना था कि सरकार संवेदनशील होती है किंतु स्थिति बिल्कुल विपरित है। संविदा कर्मचारियों के प्रति कोई संवेदना नहीं है। हमारे सवैधानिक अधिकारों का हनन है। महासंघ के कार्यकारी अध्यक्ष अशोक कुर्रे ने कहा कि स्वास्थ कर्मचारियों पर लगाया गया एस्मा कानून तत्काल निरस्त किया जाना चाहिए। कांग्रेस सरकार ने अपने जन घोषणा पत्र में यह वादा किया गया था, कि समस्त संविदा कर्मचारियों की नियमितीकरण किया जावेगी। इसी वादे को पूरा करने हम अपील कर रहे हैं।

Advertisement Carousel
Share.

Comments are closed.

chhattisgarhrajya.com

ADDRESS : GAYTRI NAGAR, NEAR ASHIRWAD HOSPITAL, DANGANIYA, RAIPUR (CG)
 
MOBILE : +91-9826237000
EMAIL : info@chhattisgarhrajya.com
August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31