छत्तीसगढ़ के वनांचल क्षेत्र बस्तर में नक्सलियों का आतंक खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। आए दिन नक्सली जवानों और ग्रामीणों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश में रहते हैं। इसी बीच एक बार फिर जवानों को बड़ी सफलता मिली है। सुरक्षाबलों ने मुठभेड़ के दौरान 7 वर्दीधारी नक्सलियों को ढेर कर दिया है। इस खबर की पुष्टि एसपी गौरव रॉय ने की है। मिली जानकारी के अनुसार, मुठभेड़ नारायणपुर दंतेवाड़ा सीमा पर हुई है। बताया जा रहा है कि 1 हजार से अधिक जवान नक्सलियों के इलाके में घने जंगलों में घुसे थे। इसी दौरान अबुझमाड़ रेकावया के जंगलों जवानों और नक्सलियों के बीच ताबड़तोड़ फायरिंग हुई। जिसमें जवानों ने 7 नक्सलियों को ढेर कर दिया। इससे पहले खबर आई थी कि दो नक्सलियों की मारे जाने की खबर है। अब एसपी गौरव रॉय ने 7 नक्सलियों की मारे जाने की पुष्टि कर दी है। साथ ही भारी मात्रा में नक्सली समाग्री भी बरामद किया गया है। बताया जा रहा है कि दंतेवाड़ा के जवानों ने बड़ी सफलता हासिल की है। आपको बता दें कि नक्सलियों के इलाक में करीब एक हजार से ज्यादा जवान घुसे हुए थे। इस दौरान दोनों ओर से ताबड़तोड़ फायरिंग हुई है और जवानों ने नक्सलियों के खिलाफ जबरदस्त कार्रवाई की है। साथ ही मौके से कई आटोमैटिक हथियार भी बरामद की है। हालांकि इसका अभी खुलासा नहीं हुआ है, क्योंकि अभी भी रूक रूककर फायरिंग जारी है। बताया जा रहा है कि जो शव मिले हैं वो दंतेवाड़ा जवानों की टीम को मिली है। इसके साथ बस्तर की टीम भी उनके फायरिंग मौजूद है। इससे पहले नारायणपुर के जवानों को शुरुआती में सफलता मिली है। बताया जा रहा है कि मरने वाले नक्सलियों की संख्या और भी बढ़ सकती है। वहीं दूसरी ओर यह भी खबर है कि उस इलाके में अभी भी नक्सली मौजूद है और चारों ओर से जवानों ने नक्सलियों को घेर लिया है। जवानों को अभी भी इंजतार है कि और भी नक्सली निकल सकते हैं। वहीं दूसरी ओर जवानों को प्रयास यह भी है कि अगर नक्सली सरेंडर करना चाहते हैं तो कर भी सकते हैं। आपको बता दें कि इस घटना की लीड नारायणपुर के एसपी प्रभात कुमार पूरी घटना को लीड करते हुए दिखाई दे रहे हैं। तो वहीं दूसरी ओर दंतेवाड़ा एसपी गौरव रॉय भी इस पर नजर बनाए हुए हैं। वहीं बस्तर एसपी भी अपने जवानों के संपर्क में है। तीनों जिलों के एसपी की तालमेल से जवानों को बड़ी सफलता मिली है।
माओवादियों के इलाके में जवानों को मिली बड़ी सफलता, 7 नक्सलियों को किया ढेर
Previous Articleजानलेवा हुई गर्मी, लू से 300 चमगादड़ों की मौत
Related Posts
Add A Comment



















