पश्चिम बंगाल में चिलचिलाती गर्मी और हिंसा के बीच वोटिंग का आंकड़ा 60 फीसदी के पार पहुंच गया है. हालांकि तमिलनाडु में ये आंकड़ा अभी 60 फीसदी के नीचे है. जहां बंगाल में दोपहर एक बजे तक 62.18 प्रतिशत वोटिंग हुई है, वहीं तमिलनाडु में 56.81 फीसदी मतदान हो चुका है.
बंगाल के किस जिले में कितनी वोटिंग?
चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक, दोपहर एक बजे तक मालदा में 58.45%, मुर्शिदाबाद में 62.71%, पश्चिम वर्धमान में 60.37%, पश्चिम मेदिनीपुर में 65.77%, पूर्वी मेदिनीपुर में 62.90%, पुरुलिया में 59.83%, उत्तरी दिनाजपुर में 60%, झारग्राम में 65.31%, कैलिम्पोंग में 59.52%, अलीपुरद्वार में 60.03%, बांकुरा में 64.58%, बीरभूम में 63.93%, कूचबिहार में 60.75%, दक्षिण दिनाजपुर में 63.05%, दार्जिलिंग में 59.81% और जलपाईगुड़ी में 60.84 फीसदी वोटिंग हुई है.
तमिलनाडु के किस जिले में कितनी वोटिंग?
अगर तमिलनाडु की बात करें तो इरोड में 61.79%, कल्लाकुरिची में 57.15%, कांचीपुरम में 58.98%, कन्याकुमारी में 50.35%, करूर में 60.77%, कृष्णागिरी में 56.21%, मदुरै में 54.75%, मईलादुथुरई में 53.59%, अरियालुर में 55.18%, चेंगलपट्टू में 56.28%, चेन्नई में 54.58%,कोयंबटूर में58.24%, कुड्डालोर में 55.13%, धर्मपुरी में 59.02%, डिंडिगुल में 59.79% फीसदी वोटिंग हुई है.
पश्चिम बंगाल में पहले चरण की वोटिंग में 152 सीटों पर मतदान हो रहा है, जबकि तमिलनाडु की सभी सीटों पर एक ही चरण में वोटिंग हो रही है. दोनों ही राज्यों में नतीजे चार मई को घोषित किए जाएंगे.
बंगाल में कुल 1478 उम्मीदवार मैदान में
चुनाव आयोग के मुताबिक, पश्चिम बंगाल में 152 सीटों पर कुल 1,478 उम्मीदवार मैदान में हैं. इन उम्मीदवारों के लिए राज्य के 3.60 करोड़ वोटर्स वोट डालेंगे. बीजेपी सभी 152 सीटों पर चुनाव लड़ रही है, जबकि टीएमसी 148 सीटों पर चुनाव लड़ रही है. बंगाल के पहले चरण की वोटिंग बीजेपी के लिहाज से ज्यादा महत्वपूर्ण है क्योंकि ये वही इलाके हैं, जहां बीजेपी का दुर्ग मजबूत है. बंगाल के पहले चरण न केवल सीटों की संख्या के लिहाज से बड़ा है, बल्कि यह उत्तर बंगाल से लेकर जंगलमहल और मतुआ गढ़ तक फैला हुआ है.



















